अमेरिका को अफगानिस्तान में तालिबान के और बड़े हमलों की आशंका है। अमेरिकी रक्षा मंत्री लियोन पनेटा ने कहा कि युद्ध प्रभावित देश में तालिबान द्वारा बड़े हमलों की चुनौती को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। पनेटा ने वाशिंगटन में संवाददाताओं से कहा कि यहां कई सकारात्मक बातें हो रही हैं, लेकिन हम हमारे सामने मौजूद महत्वपूर्ण चुनौतियों को नजरअंदाज नहीं कर सकते।
शत्रु का ध्यान बड़े हमलों को अंजाम देने पर है ताकि आम अफगान नागरिकों को हो रहा सुरक्षा का अहसास खत्म हो। उन्होंने कहा कि मुझे आशंका है कि और बड़े हमले किए जाएंगे और शत्रु हमारी इच्छा शक्ति को तोड़ने के लिए हरसंभव कदम उठाने की कोशिश करेगा।
पनेटा ने कहा कि पिछले साल भी ऐसे हमले किए गए थे और उनके जवाब में अफगानिस्तान में अमेरिकी तथा नाटो बलों के कमांडर जनरल जॉन ऐलेन ने अफगान नेताओं, अफगान सेना व आईएसएएफ के साथ मिल कर कदम उठाए थे ताकि अमेरिकी बलों और अफगान जनता की सुरक्षा हो और उनकी रणनीति की दिशा विचलित न हो।
पनेटा ने कहा कि हाल ही में इंटरनेट पर भड़काऊ वीडियो के कारण तनाव बढ़ा है। इसकी वजह से आईएसएएफ और अफगान बलों के बीच सहयोग से चल रहे अभियानों पर भी हल्का असर पड़ा। उन्होंने कहा कि ज्यादातर आईएसएएफ यूनिट हर स्तरों पर अपना काम अपने साझीदारों के साथ ही कर रही हैं।
पनेटा ने कहा कि हमें ध्यान रखना होगा कि हमारे बलों की सुरक्षा के लिए हरसंभव कदम उठाए जाएं, लेकिन मैं यह भी बताना चाहता हूं कि हम अफगान सुरक्षा नियंत्रण का दायित्व स्थानांतरित करने की अपनी रणनीति के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं। अमेरिका के 30,000 सैनिकों की वापसी के बाद पहली बार संवाददाताओं से बात कर रहे पेनेटा ने कहा कि तालिबान को परास्त करने का प्राथमिक लक्ष्य पूरा हो गया है और अफगान राष्ट्रीय सुरक्षा बलों का आकार तथा क्षमता में वृद्धि हुई है।