अमेरिका ने सीरिया के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए सीरियाई एयरबेस पर एक के बाद एक कई क्रूज मिसाइल दागी है। अमेरिकी की ये कार्रवाई सीरिया के रासायनिक हमले के जवाब के रूप में देखी जा रही है। रिपोर्ट के मुताबिक, 50 मिसाइलें दागी गई हैं, जिसमें चार सीरियाई सैनिक की मौत हुई है। मिसाइल हमले के बाद इरान ने कड़े तौर पर इस हमले की निंदा की है।
अमेरिका की कार्रवाई पर रूस के राष्ट्रपति पुतिन ने कहा कि एक संप्रभु राज्य पर इस तरह का हमला अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन है। एजेंसी एएफपी के मुताबिक इसमें दो और लोगों की मौत भी हुई है।
BREAKING: Kremlin says U.S. strike on Syria is "aggression against sovereign state in violation of international law."
— The Associated Press (@AP) April 7, 2017
अंतरराष्ट्रीय कानून के उल्लंघन में संप्रभु राज्य के खिलाफ आक्रामकता
#BREAKING US strike killed four Syrian troops, nearly destroyed base: monitor
— AFP news agency (@AFP) April 7, 2017
LIVE: 'I ordered a targeted military strike on airfield in Syria from which the chemical attack was launched' -Trump https://t.co/5VhWxutFvY
— Reuters Top News (@Reuters) April 7, 2017
बताते चलें कि सीरिया के उत्तरी-पूर्वी इदलिब प्रांत में हमले का बाद जहरीली गैस से करीब 100 लोगों की मौत हो गई थी। इसमें 11 बच्चे भी थे। वहीं 400 से ज्यादा लोग घायल थे। डोनाल्ड ट्रंप ने ट्वीट कर कहा, हमला अमेरिका का राष्ट्रीयहित के लिए जरूरी था। उन्होंने सभ्य देशों से अपील की है कि इस लड़ाई में उनके साथ आए।
Syrian state TV reports US missile attack on number of military targets, calls the attack an "aggression"
— ANI (@ANI_news) April 7, 2017
अमेरिकी अधिकारियों के हवाले से रॉयटर्स ने लिखा है, अमेरिकी नेवी ने करीब 50 मिसाइलें भूमध्य सागर में दागी हैं। इसमें सीरिया के होम्स के एयरबेस को टारगेट किया गया है। सीरिया के सरकारी टीवी चैनल ने खबर दी है कि अमेरिका ने उनके एक सैन्य ठिकाने शायरत एयर बेस पर कई मिसाइलें दागी हैं।
सीरिया के हमले के बाद अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा था, सीरिया को लेकर बड़ा फैसला लिया जा सकता है। व्हाइट हाउस और पेंटागन मिलिट्री ऑप्शन पर विचार कर रहे हैं।