फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

ट्रंप और पूर्व प्लेबॉय मॉडल के संबंधों पर हो सकता है बड़ा खुलासा

Sat, 21 Jul 2018 08:07 PM IST
एजेंसी, वाशिंगटन 
विज्ञापन
विज्ञापन

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के निजी वकील रहे माइकल कोहेन ने 2016 में हुए अमेरिकी चुनावों से दो महीने पहले प्लेबॉय की मॉडल को भुगतान करने को लेकर हुई बातचीत रिकॉर्ड की थी। एफबीआई ने ट्रंप और मॉडल कैरेन मैकडॉगल के बीच कथित संबंधों के मामले में इस टेप को जब्त कर लिया है। 

विज्ञापन


मैकडॉगल ने दावा किया था कि उसके ट्रंप के साथ रिश्ते रहे हैं। मैकडॉगल ने अगस्त, 2016 में यह कहानी शोध कंपनी नेशनल इंक्वायरर को 1.5 लाख डॉलर (करीब एक करोड़ रुपये) में बेची थी। बताया जाता है कि नेशनल इंक्वायरर की मूल कंपनी एएमआई के चेयरमैन डेविड पेकर ट्रंप के अच्छे दोस्तों में थे। इसलिए यह कहानी कभी छापी नहीं गई।
 
कोहेन ने दी थी कहानी के अधिकार खरीदने की सलाह

चुनाव से पहले कोहेन ने ट्रंप को कहानी के अधिकार खरीदने की सलाह दी थी। ट्रंप इसके लिए राजी नहीं थे। इस पर दोनों के बीच बहस हुई थी। इस टेप में दोनों के बीच हुई इसी बहस की रिकॉर्डिंग है। मैकडॉगल ने दावा किया था कि 2006 में मेलेनिया के बच्चे को जन्म देने के बाद ट्रंप से उसका रिश्ता बना। कोहेन 2016 के राष्ट्रपति चुनाव के मद्देनजर ट्रंप के बारे में शर्मनाक खबरों को रोकने के लिए मैकडॉगल को भुगतान देने को लेकर जांच के घेरे में है। कोहेन अब ट्रंप के वकील नहीं हैं।
विज्ञापन


‘प्रस्तावित भुगतान निजी मामला, प्रचार से लेनादेना नहीं’

ट्रंप के प्रतिनिधि रुडी जियुलिआनी ने टेप के असली होने की पुष्टि की है। हालांकि, उन्होंने कहा कि इस बातचीत से राष्ट्रपति को कोई कानूनी दिक्कत नहीं होगी। रिकॉर्डिंग में ऐसा कोई जिक्र नहीं है कि मॉडल को पैसे दिए गए। वैसे भी प्रस्तावित भुगतान निजी मामला है। इसका प्रचार से कोई लेनादेना नहीं है। कोहन पर राष्ट्रपति चुनाव से पहले ट्रंप की छवि खराब करने का आरोप है। मैनहटन पुलिस इस मामले की जांच कर रही है। 

प्रचार राशि से भुगतान कानून के खिलाफ होगा

रुडी के मुताबिक, कोहेन-ट्रंप की बातचीत में प्रचार के लिए जुटाए गए पैसे को लेकर कोई बातचीत नहीं है। विधि विशेषज्ञों का कहना है कि अगर ट्रंप ने प्रचार राशि का निजी इस्तेमाल किया है तो यह चुनाव कानून के खिलाफ होगा। कानून के मुताबिक, राष्ट्रपति प्रत्याशी को प्रचार सहयोग राशि की जानकारी सार्वजनिक करनी होती है। 

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें