जल्द ही यूट्यूब पर आप जो वीडियो देखेंगे या फिर गूगल से कोई जानकारी मांगेंगे, तो वह समुद्र की हजारों फुट की गहराई पार कर आप तक पहुंचेगी।
ऐसा संभव करने के लिए सॉफ्टवेयर कंपनी माइक्रोसॉफ्ट ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। कंपनी एक ऐसा डेटा सेंटर तैयार करने में जुटी है, जो समुद्र की गहराई में हजारों फुट नीचे बसा होगा और इससे इंटरनेट भी तेज चलेगा।
इंटरनेट की वर्चुअल दुनिया में हमें जो भी जानकारी हासिल होती है, हम जो भी वीडियो देखते हैं या फिर फेसबुक पर कोई भी फोटो लाइक करते हैं, तो इन्हें सहेजने और इन पर प्रक्रिया करने का काम डेटा सेंटर करते हैं।
डेटा सेंटरों में बड़े-बड़े कंप्यूटर सर्वर लगे होते हैं। माइक्रोसॉफ्ट ने हाल ही में पानी के अंदर एक डेटा सेंटर के प्रोटोटाइप का परीक्षण किया है।
कंपनी की योजना यह है कि वह पानी की हजारों फुट गहराई के अंदर डेटा सेंटर तैयार करेगी। ये जेली फिश के आकार के भी हो सकते हैं। इन तक टरबाइन अथवा ज्वारीय ऊर्जा प्रणाली के जरिये बिजली पहुंचाई जाएगी।