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सिख सैनिक ने अमेरिकी सेना पर ठोका मुकदमा

Sat, 05 Mar 2016 01:56 PM IST
न्यूयॉर्क टाइम्स न्यूज सर्विस/न्यूयॉर्क।
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सिमरतपाल सिंह की ट्वीटर अकाउंट पर यह तस्वीर - फोटो : Twitter
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अमेरिका में अपनी तरह के पहले मामले में एक सिख सैनिक ने भेदभाव का आरोप लगाते हुए अमेरिकी सेना के खिलाफ मुकदमा दायर किया है। कैप्टन सिमरतपाल सिंह (28) का आरोप है कि उसे उसके धर्म के कारण ऐसे भेदभावपूर्ण परीक्षण से गुजारा जा रहा है जो किसी अन्य अमेरिकी सैनिक के साथ नहीं होता। पिछले साल दिसंबर में कैप्टन सिंह को अमेरिकी सेना में सेवाएं देने के लिए अस्थायी तौर पर धार्मिक रियायत दी गई थी। इसके तहत उन्हें एक अमेरिकी सैनिक के तौर पर सिख पगड़ी, लंबे बाल और दाढ़ी रखने की अनुमति मिल गई थी।
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सिंह का पक्ष रख रही अंतरराष्ट्रीय लॉ फर्म ‘मैकडेमॉट विल एंड एमरी’ ने अपने बयान में कहा कि यह दुर्लभ रियायत 31 मार्च तक जारी रहनी थी लेकिन अमेरिकी सेना ने हाल में सिंह को आदेश दिया कि वह सेना में सेवा जारी रखने के लिए असाधारण अतिरिक्त परीक्षण के लिए पहुंचें।

कैप्टन सिमरतपाल सिंह की ओर से इस कानूनी फर्म ने सिख संगठन और बैकेट फंड फॉर रिलीजियस लिबर्टी के साथ मिलकर रक्षा विभाग के खिलाफ मुकदमा दायर किया। सिंह को तीन दिन तक अलग रहकर विशेष प्रकार के परीक्षण से गुजरना पड़ता है।
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गौर करने वाली बात यह है कि ऐसा परीक्षण अब तक किसी दूसरे अमेरिकी सैनिक का नहीं हुआ, इनमें पूर्व में मेडिकल कारणों से दाढ़ी रखने वाले और सिख सैनिक भी शामिल हैं। सिख सैनिक ने अमेरिकी सेना से पगड़ी, बाल और दाढ़ी को लेकर रियायत जारी रखने की मांग की है। साथ ही भेदभावपूर्ण और अनुचित परीक्षण पर रोक लगाने का आग्रह किया है। 

परीक्षण का मकसद
इन परीक्षणों का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना होता है कि सिंह का हेल्मेट उनके लंबे बालों पर फिट बैठेगा या नहीं। साथ ही उनका गैस मास्क उनके चेहरे को पूरी तरह से ढक पाएगा या नहीं। 

मिल चुका है बहादुरी का सम्मान
कैप्टन सिमरतपाल सिंह अफगानिस्तान में भी सेवाएं दे चुके हैं। यहां तैनाती के दौरान अदम्य साहस का परिचय देते हुए उन्होंने सड़क किनारे विस्फोटकों को निष्क्रिय किया। उनकी बहादुरी को देखते हुए अमेरिकी सेना ने उन्हें ब्रॉन्ज स्टार से सम्मानित किया। उन्हें सेना की ओर से कई अन्य पदक मिले हैं। 

अमनदीप सिद्धू, मैकडेमॉट विल एंड एमरी में पार्टनर, अमेरिका का संविधान और धार्मिक आजादी संबंधी अधिनियम कैप्टन सिंह को अधिकार देता है कि वह सेना में रहते हुए अपने धर्म का पालन कर सकें। हम पूरी तरह से आश्वस्त हैं कि कोर्ट इससे सहमत होगा। 
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