अमरीकी राष्ट्रपति बराक ओबामा ने इस्लामिक स्टेट (आईएस) के खिलाफ लडाई में सहयोग पर चर्चा के लिए ईरान के सर्वोच्च धार्मिक नेता अयातुल्लाह अली खामेनेई को खुफिया पत्र लिखा है।
अमरीकी अखबार वॉल स्ट्रीट जर्नल के मुताबिक ओबामा ने यह पत्र पिछले महीने भेजा।
अखबार के मुताबिक पत्र में इराक और सीरिया में आईएस के खिलाफ जारी लडाई में ईरान और अमरीका के बीच 'साझा हितों' का जिक्र किया गया है।
लेकिन अखबार के अनुसार राष्ट्रपति ओबामा ने इस बात पर बल दिया है कि कोई भी सहयोग इस बात पर निर्भर करेगा कि ईरान अपने परमाणु प्रसार कार्यक्रम को सीमित करने के लिए सहमत हो।
परमाणु मसला
एक ईरानी सूत्र ने बीबीसी से पुष्टि की है कि खामेनेई को ओबामा का एक पत्र मिला है। लेकिन व्हाइट हाउस के एक प्रवक्ता ने इस बात से इनकार किया है कि ईरान के प्रति अमरीकी नीति बदल गई है।
ईरान और अमरीका समेत दुनिया के छह देश इस महीने के अंत तक ईरान के परमाणु मुद्दे पर किसी समझौते तक पहुँचने की कोशिश कर रहे हैं।
यह समझौता 24 नवंबर तक होना है। ईरान का रुख जानने के लिए अमरीकी विदेश मंत्री जॉन कैरी रविवार को अपने ईरानी समकक्ष के साथ बैठक करने वाले हैं।
ईरान अमरीका के नेतृत्व में इस्लामिक स्टेट के खिलाफ जारी लडाई का हिस्सा नहीं है। लेकिन वह आईएस के खिलाफ जमीनी लडाई लड रहा है।
अमरीकी अधिकारियों का कहना है कि परमाणु वार्ता के दौरान ईरान से इस मुद्दे पर भी बातचीत हुई है, लेकिन दोनों देशों के बीच कोई सैन्य या खुफिया सहयोग नहीं हुआ है।