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'एवरेस्ट की तस्वीर' पर नासा की जग हंसाई

Fri, 14 Dec 2012 08:55 AM IST
बीबीसी हिंदी
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अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी (नासा) ने माना है कि उसने गलती से भारत के एक पहाड़ की तस्वीर को माउंट एवरेस्ट समझकर उसे अपनी वेबसाइट पर जारी कर दिया था। ये तस्वीर अंतरिक्ष से ली गई थी।
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नासा ने शुरू में ये कहा था कि रूसी अंतरिक्ष यात्री यूरी मलेनचेन्को की ये तस्वीर दुनिया की सबसे ऊंची चोटी की है।

नासा ने जैसे ही ये तस्वीर जारी की, कई मीडिया केंद्रों ने ये तस्वीरें वहां से ले ली। लेकिन नेपाल के एक विशेषज्ञ ने ये ग़लती पकड़ी, जिसके बाद नासा ने ये तस्वीर हटाई।

माउंट एवरेस्ट की ऊंचाई 8848 मीटर (29028 फ़ीट) है। और ये नेपाल और चीन की सीमा पर फैला हुआ है।

आलोचना
नासा के एक प्रवक्ता ने बीबीसी को भेजे एक ईमेल में बताया, "वो तस्वीर माउंट एवरेस्ट की नहीं, बल्कि सासेर मुजताग की है, जो भारत के कश्मीर क्षेत्र में काराकोरम श्रेणी में पड़ता है।"
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नासा का कहना है कि मलेनचेन्को ने इस महीने के शुरू में अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (आईएसएस) से ये तस्वीर ली थी।

नासा ने जैसे ही इस तस्वीर को अपनी वेबसाइट पर जारी की, ट्विटर पर इसकी खूब चर्चा हुई और तस्वीरों को काफ़ी शेयर किया गया। लेकिन नेपाली समुदाय की ओर से इसकी काफ़ी आलोचना हुई।

हिमालय पर अच्छी जानकारी रखने वाले पत्रकार कुंडा दीक्षित ने ट्वीट किया, "सॉरी, ये ऊंची चोटी माउंट एवरेस्ट नहीं है।" हालांकि उन्होंने भी पहले ग़लत आकलन किया था कि ये तिब्बत की शीशापंगमा चोटी है।

पिछले साल अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन पर रहने वाले अमेरिकी अंतरिक्ष यात्री रॉन गरान ने ट्वीट किया- हम अंतरिक्ष से माउंट एवरेस्ट का एक अच्छा नज़ारा चाहते हैं। लेकिन यूरी की ये तस्वीर माउंट एवरेस्ट की नहीं बल्कि सासेर मुज़ताग की है।
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