वर्तमान में चल रही राहु महादशा आपके प्रयासों में बाधक है। आपकी कुण्डली
में बना आंशिक काल सर्प दोष भी इस महादशा में अधिक प्रभावी होने के कारण
कार्य उन्नति में बाधक है। ग्रह शांति के लिए नित्य मोरपंख दो तीन बार अपने शरीर पर
घुमाएं।
मोर पंख का गोल भाग काटकर सदैव अपनी जेब में रखें। एक शनिवार सांयकाल एक
गोले में बूरा मिश्रित काले तिल भरकर पीपल वृक्ष के नीचे भूमि में दबाएं। ऐसा करने
पर अक्टूबर के बाद आजीविका प्राप्ति संभव है।