खूंखार आतंकी संगठन इस्लामिक स्टेट (आईएस) की सेक्स गुलाम रही इराकी महिला नाडिया मुराद को मंगलवार को संयुक्त राष्ट्र की गुडविल एंबेसडर बनाया गया है। 2014 में आईएस ने उनके पूरे परिवार को मौत के घाट उतार दिया था और उनको सेक्स गुलाम बना लिया था।
उस समय नाडिया की उम्र महज 19 साल थी। हालांकि उन्होंने हारी नहीं मानी और किसी तरह आईएस के चंगुल से बचकर जर्मनी पहुंचीं। इसके बाद उन्होंने आईएस के अमानवीय और क्रूर कारनामे को दुनिया को बताया।
यूएन की गुडविल एंबेसडर बनने के बाद नाडिया ने मानवाधिकारों के लिए काम करने वाली मशहूर अधिवक्ता अमाल क्लूनी से मुलाकात की।