अमेरिका अपने नागरिकों के उत्तर कोरिया घूमने जाने पर प्रतिबंध लगाना चाहता है। यह खबर उन दो एजेंसियों से आई है जो उत्तरी कोरिया के लिए टूर ऑपरेट करती हैं। कोरयो टूर्स और यंग पायनियर टूर्स ने कहा कि अमेरिका ऐसे प्रतिबंध की घोषणा 27 जुलाई को कर सकता है, हालांकि यह प्रभावित 30 दिनों के बाद होगा। अमेरिका ने इस खबर की अभी पुष्टि नहीं की है।
यंग पायनियर वो ही एजेंसी है जो अमेरिकी छात्र आटो वार्मबियर को उत्तर कोरिया ले गई थी। जहां वार्मबीयर को पिछले साल जनवरी में गिरफ्तार किया गया था। वार्मबीयर को उत्तर कोरियाई राजधानी प्योंगयांग में उनके होटल के स्टाफ एरिया से प्रचार पोस्टर चोरी करने का कथित प्रयास करने के लिए 15 साल की सजा सुनाई गई थी। इस साल जून में उनकी रिहाई हुई और वो कोमा में ही अमेरिका लौटे जहां कुछ दिनों बाद उनकी मौत हो गई।
चीन स्थित कंपनी यंग पायनियर ने बाद में यह घोषणा की कि वो भविष्य में किसी भी अमेरिकी को कोरिया नहीं ले जाएगी। शुक्रवार को उसने एक बयान जारी करते हुए कहा, "हमें सूचना मिली है कि अमेरिकी सरकार अपने किसी भी नागरिक को उत्तर कोरिया जाने की अनुमति नहीं देगी। यह उम्मीद की जा रही है कि प्रतिबंध 27 जुलाई के बाद 30 दिनों के भीतर लागू हो जाएगा। 30 दिनों के बाद अगर कोई भी अमेरिकी उत्तरी कोरिया जाता है तो उसका पासपोर्ट सरकार द्वारा रद्द कर दिया जाएगा।"