ब्राजील स्थित दुनिया के सबसे बड़े वर्षावन अमेजन में लगी आग लगातार बढ़ती जा रही है। आग का फैलने की रफ्तार इतनी ज्यादा है कि आग हर मिनट तीन फुटबॉल मैदान जितने इलाके को घेर रही है। अमेजन की इस आग ने दुनिया को चिंता में डाल दिया है। अमेजन दुनिया के 20 प्रतिशत ऑक्सीजन को उत्पन्न करता है। यूएन, फ्रांस, अमेरिका, जर्मनी समेत तमाम देशों ने आग से वर्षावन में हो रहे खतरे पर चिंता जताई है।
लोगों ने आग बुझाने के लिए अमेरिकी देशों को आगे आने की अपील की है। अमेजन की आग को लेकर पर्यावरणविदों और सेलिब्रिटियों ने भी चिंता जताई है। पर्यावरणवदों और सेलिब्रिटी भी अमेजन को बचाने की अपील कर रहे हैं। फ्रांस के राष्ट्रपित इमैनुएल मैक्रों ने अमेजन में लगी आग को वैश्विक संकट बताया है। उन्होंने ट्वीट कर कहा कि यह मुद्दा फ्रांस में होने वाले जी-7 समिट का प्रमुख एजेंडा होगा।
वहीं अमेजन में लगी आग को लेकर दुनिया भर में प्रदर्शन हो रहा है। लोग सड़कों पर उतर कर अमेजन जंगल को बचाने के लिए प्रदर्शन कर रहे हैं।
वहीं, इस मुद्दे को लेकर ब्राजील के राष्ट्रपति ने फ्रांसीसी राष्ट्रपति मैक्रों पर सनसनी फैलाने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि अमेजन क्षेत्र के देशों से बात किए बिना जी-7 में यह मुद्दा उठाना मैक्रों की औपनिवेशिक मानसिकता है। वो इस पर राजनीति न करें।
अमेजन की आग से ब्राजील के साओ पाउलो शहर में छाया धुएं का गुबार छा गया है। ब्राजील के अंतरिक्ष अनुसंधान केंद्र (आईएनपीई) ने कहा है कि यह स्थानीय पर्यावरण और पारिस्थितिकी तंत्र के लिए बड़ी आपदा है।
आईएनपीई के वैज्ञानिक अल्बर्टो सेजर ने कहा कि आग की 99% घटनाएं मानवीय दखल से जानबूझकर या दुर्घटनावस लगती हैं। अमेजन क्षेत्र में आग ने वनों की कटाई की दर को तेजी से बढ़ा दिया है, जो जुलाई 2018 में इसी महीने की तुलना में चौगुनी हो गई है। 40 साल में पशुओं और खेती के लिए 20% जंगल काट दिया गया है।