फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Congo: क्रिसमस सप्ताह के दौरान कांगो में विद्रोहियों का कत्लेआम; 21 लोगों की कर दी बेरहमी से हत्या

Sun, 29 Dec 2024 01:22 AM IST
दीपक कुमार शर्मा वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, किंशासा

सार

बपेरे सेक्टर के गवर्नर के प्रतिनिधि मैकेयर सिविकुनुला ने बताया कि 21 दिसंबर को, एडीएफ विद्रोहियों ने उत्तरी किवु प्रांत के रोबिनेट गांव में हमला किया, जहां उन्होंने छह लोगों की हत्या की। इसके बाद, 22 दिसंबर को, वे पड़ोसी गांव कोडजो पहुंचे और वहां 12 लोगों को मार डाला। फिर, क्रिसमस के दिन, वे मंगुरेदजिपा से सात किलोमीटर दूर मकेले गांव में पहुंचे और तीन लोगों की हत्या कर दी।
विज्ञापन
कांगो फ्लैग - फोटो : सोशल मीडिया
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

पूर्वी डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ कांगो में क्रिसमस सप्ताह के दौरान इस्लामिक स्टेट से जुड़े एलाइड डेमोक्रेटिक फोर्सेस (एडीएफ) विद्रोहियों ने कम से कम 21 लोगों की हत्या कर दी। स्थानीय सूत्रों के अनुसार, हमले मंगुरेदजिपा के पास हुए, जो समृद्ध खनिज भंडार के लिए प्रसिद्ध है और अक्सर एडीएफ के निशाने पर रहता है। 

विज्ञापन


बपेरे सेक्टर के गवर्नर के प्रतिनिधि मैकेयर सिविकुनुला ने बताया कि 21 दिसंबर को, एडीएफ विद्रोहियों ने उत्तरी किवु प्रांत के रोबिनेट गांव में हमला किया, जहां उन्होंने छह लोगों की हत्या की। इसके बाद, 22 दिसंबर को, वे पड़ोसी गांव कोडजो पहुंचे और वहां 12 लोगों को मार डाला। फिर, क्रिसमस के दिन, वे मंगुरेदजिपा से सात किलोमीटर दूर मकेले गांव में पहुंचे और तीन लोगों की हत्या कर दी।

युगांडा से आया है एडीएफ
एडीएफ, जो मूल रूप से युगांडा से आया है, 1990 के दशक के मध्य से डीआरसी के पूर्वोत्तर में सक्रिय है, जहां इसके लड़ाकों ने हजारों नागरिकों को मार डाला है। इसने 2019 में इस्लामिक स्टेट (आईएस) के प्रति निष्ठा की शपथ ली। आईएस इसे मध्य अफ्रीका के इस्लामिक स्टेट के रूप में मानता है और विद्रोही समूह के कुछ हमलों की जिम्मेदारी लेता है। 
विज्ञापन


2021 में एडीएफ के खिलाफ शुरू किया संयुक्त सैन्य अभियान
2021 में, युगांडा और डीआरसी ने एडीएफ के खिलाफ एक संयुक्त सैन्य अभियान शुरू किया, लेकिन अब तक उनकी हिंसक गतिविधियों को पूरी तरह खत्म नहीं किया जा सका है। हालांकि दोनों सेनाएं विद्रोहियों को दूर-दूर के इलाकों में धकेलने में सफल रही हैं। सिविकुनुला ने कहा कि युगांडा और कांगो की सेनाएं मंगुरेदजिपा में मौजूद थीं और काम कर रही थीं, लेकिन विद्रोही छोटे समूहों में बिखरे होने के कारण उन्हें पकड़ना मुश्किल हो रहा है। 

एम23 आंदोलन और डीआरसी की सेना के बीच भी संघर्ष जारी
इसके अलावा, दिसंबर के मध्य में शांति शिखर सम्मेलन की विफलता के बाद उत्तरी किवु प्रांत में रवांडा समर्थित एम23 आंदोलन और डीआरसी की सेना के बीच भी संघर्ष चल रहा है। पूर्वी डीआरसी, जो खनिज संसाधनों से भरपूर है, दशकों से विभिन्न सशस्त्र समूहों के बीच लड़ाई का सामना कर रहा है।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें