पाकिस्तान के डॉन अखबार ने यह जानकारी विदेश मंत्रालय के हवाले से जारी की है। डॉन ने बताया कि निचले सदन के प्रश्नकाल के दौरान विदेश मंत्रालय ने यह बयान दिया है। डॉन ने बताया, एक लिखित जवाब में मंत्रालय ने कहा कि यूएई में दूसरे नंबर पर सबसे ज्यादा 5,292 पाकिस्तानी कैदी हैं। चीन में कैद 400 पाकिस्तानियों में से अधिकांश को ड्रग तस्करी, दुष्कर्म, डकैती, हत्या और जाली मुद्रा के मामलों में दोषी ठहराया गया है। बहरीन में कैद 450 पाकिस्तानियों को ड्रग तस्करी, ड्रग्स रखने और धोखाधड़ी के मामलों में दोषी ठहराया गया था। अफगानिस्तान ने 88 पाकिस्तानियों को निर्धारित अवधि से अधिक समय तक रहने और सुरक्षा संबंधी अपराधों के लिए दोषी ठहराया है।
पश्चिम एशिया में खराब रिकॉर्ड
सऊदी अरब और यूएई को छोड़ दें तो पश्चिम एशिया के अन्य देशों में भी पाकिस्तानियों का ट्रैक रिकॉर्ड खराब बना हुआ है। यहां कतर में 338 और ओमान में 309 पाकिस्तानी नशा तस्करी, हत्या, डकैती और यौन उत्पीड़न में दोषी ठहराए गए हैं। मलयेशिया में ऐसे अपराधों के लिए 255 पाकिस्तानियों को दोषी ठहराया गया है।
मित्र देश तुर्किये में भी 147 बंद
पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय ने स्वीकार किया कि अन्य देश जहां पाकिस्तानियों को कैद किया गया, उनमें कनाडा में नौ, डेनमार्क में 27 शामिल हैं। मित्र देश तुर्किये में 147 कैदी और अजरबैजान में 16 में से 11 कैदी संगीन मामलों में दोषी साबित हुए हैं।