न्याय विभाग - सांकेतिक तस्वीर
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अमेरिका में बड़े स्तर पर स्वास्थ्य सेवाओं में धोखाधड़ी का मामला सामने आया है, जिसमें करीब 2.75 अरब डॉलर का नुकसान हुआ है। न्याय विभाग के अनुसार एक भारतीय समेत 193 चिकित्सा पेशेवरों पर धोखाधड़ी का आरोप लगा है। विभाग ने बीते बृहस्पतिवार को राष्ट्रीय स्वास्थ्य सेवा-2024 धोखाधड़ी प्रवर्तन कार्रवाई की घोषणा की। इसके तहत अमेरिका भर के 32 जिलों में 76 डॉक्टरों, नर्स चिकित्सकों और अन्य लाइसेंस प्राप्त चिकित्सा पेशेवरों सहित 193 आरोपियों के खिलाफ आपराधिक मामले दायर किए गए।
23 करोड़ डॉलर से ज्यादा की संपत्ति जब्त
न्याय विभाग ने आगे कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं में धोखाधड़ी से कुल 2.75 अरब डॉलर का नुकसान हुआ है। इसमें 1.6 अरब डॉलर का वास्तविक नुकसान हुआ है। सरकार ने इस मामले में कार्रवाई करते हुए 23 करोड़ डॉलर से अधिक की नकदी, लग्जरी गाड़ियां, सोना और अन्य संपत्तियां जब्त की हैं। न्याय विभाग के अनुसार पांच लोग और एक डिजिटल प्रौद्योगिकी कंपनी ने एरिजोना में एमनियोटिक घाव ग्राफ्ट, एडरल गोलियों और अन्य उत्तेजक पदार्थों के अवैध वितरण के संबंध में 900 मिलियन अमेरिकी डॉलर से अधिक की धोखाधड़ी में शामिल हैं।
धोखाधड़ी में हैदराबाद के डॉक्टर भी शामिल
इस मामले में हैदराबाद के 52 वर्षीय डॉ. विजिल राहुलन भी शामिल हैं। जिन पर मेडिकेयर फंड में 8.2 करोड़ डॉलर से अधिक की धोखाधड़ी करने का आरोप है। जानकारी के मुताबिक डॉ. विजिल राहुलन ने जाली दस्तावेज के जरिये अयोग्य लोगों को मेडिकेयर क्लेम दिलाए।