भारत-बांग्लादेश अंतरराष्ट्रीय सीमा पर बांग्लादेश के बॉर्डर गार्ड बांग्लादेश (बीजीबी) का दुस्साहस बुधवार को इस कदर बढ़ा गया कि उसके जवानों ने भारतीय सीमा में घुस कर एक किसान के साथ मारपीट की, किसान के कपड़े फाड़ दिए और उसे गंभीर चोटें लगी हैं। जानकारी मिलने पर बीएसएफ ने इसका कड़ा विरोध जताया। बीएसएफ ने बीजीबी के अधिकारियों पर दवाब बनाया और फ्लैग मीटिंग की। बीजीबी ने आगे से इस तरह की घटना पर रोक लगाने और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने का आश्वासन दिया है।
सूत्रों के मुताबिक मंगलवार शाम करीब छह बजे बीजीबी के जवान भारत–बांग्लादेश सीमा पर गश्ती कर रहे थे। उसी दौरान एक भारतीय किसान हुसैन बिस्वास (35), निवासी मुस्लिमपारा, जिला नदिया खेत में फसल की रखवाली कर रहा था। बीजीबी का गश्ती दल अचानक से 50 मीटर भारतीय सीमा में घुस आया। बीजीबी के जवान बिना कारण भारतीय किसान के साथ झगड़ा करने लगे। बीजीबी के जवानों ने किसान के साथ दुर्व्यवहार ही नहीं किया बल्कि उसके साथ मारपीट भी की और उसके कपड़े भी फाड़ दिए। गांव वालों ने उनका कड़ा विरोध किया। झगड़े में किसान को हाथ की उंगली और कमर में गंभीर चोटें आईं। झगड़े के बाद घटनास्थल से बीजीबी के एक जवान की टोपी भी बरामद हुई।
उसके थोड़ी देर बाद बीजीबी के 15–20 जवान फिर से अंतरराष्ट्रीय सीमा से लगते हुए भारतीय गांव मुस्लिमपारा के नजदीक आए और उन्होंने गांव वालों को धमकी दी और कहा अगर उन्होंने बीजीबी के जवान की टोपी नहीं लौटाई तो इसका अंजाम बहुत बुरा होगा। बीएसएफ ने तुरंत घटना का संज्ञान लिया और बीजीबी के अधिकारियों को घटना के बारे में अवगत करवाया। इसके बाद दोनों बलों के बीच एक फ़्लैग मीटिंग बुलाई गई, जिसमें बीएसएफ ने इस घटना के लिए बीजीबी के साथ कड़ा विरोध जताया। बीजीबी के अधिकारियों ने कहा, वे जल्द ही दोषियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई करेंगे ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाएं ना हो सकें।