उस दिन बाहर सब कुछ बाकी दिनों की तरह था, लेकिन मेरे अंदर एक अँधेरा बन गया था। जब मुझे पता चला कि मेरी माँ सेक्स वर्कर हैं। मैं उनसे नफरत करने लगी। मुझे भरोसा नहीं हो रहा था। आगे की राह काटों से भरी एक अँधेरी गली नजर आ रही थी। वक्त ने मरहम दिया और मैं अपनी माँ को स्वीकार की। आज मैं एक स्कूल में शिक्षक हूं और मेरी माँ उस पेशे को छोड़ चुकी है। देखिए इस लड़की की कहानी अमर उजाला टीवी पर...