ईद से पहले राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क हो गया है और शहर को हाई अलर्ट पर रखा गया है। ईद के मद्देनज़र संभावित भीड़भाड़ वाले इलाकों, बाजारों, मस्जिदों और सार्वजनिक स्थलों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना को रोका जा सके। पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां आधुनिक तकनीकों का सहारा लेते हुए CCTV कैमरों और ड्रोन के माध्यम से चौबीसों घंटे नजर बनाए हुए हैं। दिल्ली के प्रमुख इलाकों जैसे चांदनी चौक, जामा मस्जिद, सरोजिनी नगर और लाजपत नगर में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है, जहां त्योहार के दौरान बड़ी संख्या में लोग खरीदारी और इबादत के लिए पहुंचते हैं। इसके अलावा, संवेदनशील क्षेत्रों की पहचान कर वहां विशेष सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं और संदिग्ध गतिविधियों पर तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
ड्रोन तकनीक का उपयोग भी इस बार बड़े स्तर पर किया जा रहा है, जिससे भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों की ऊपर से निगरानी की जा सके और किसी भी संदिग्ध गतिविधि को तुरंत पकड़ा जा सके। वहीं, हजारों CCTV कैमरे शहर के अलग-अलग हिस्सों में लगाए गए हैं, जिन्हें कंट्रोल रूम से लगातार मॉनिटर किया जा रहा है। पुलिस ने आम नागरिकों से भी अपील की है कि वे सतर्क रहें और किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या वस्तु की जानकारी तुरंत नजदीकी पुलिस स्टेशन को दें। मेट्रो स्टेशन, बस अड्डों और रेलवे स्टेशनों पर भी सुरक्षा जांच को सख्त कर दिया गया है, जहां यात्रियों की बैग चेकिंग और स्क्रीनिंग की जा रही है।
इसके साथ ही, दिल्ली पुलिस ने सोशल मीडिया पर भी नजर रखने के लिए विशेष टीमों को सक्रिय किया है ताकि अफवाहों और भ्रामक सूचनाओं को फैलने से रोका जा सके। त्योहार के दौरान शांति और सौहार्द बनाए रखने के लिए विभिन्न समुदायों के नेताओं के साथ बैठकें भी की गई हैं। प्रशासन का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि लोग बिना किसी डर के त्योहार मना सकें और शहर में कानून-व्यवस्था पूरी तरह से कायम रहे। कुल मिलाकर, हाई अलर्ट और आधुनिक तकनीक के संयोजन से दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था को अभूतपूर्व स्तर पर मजबूत किया गया है, जिससे किसी भी आपात स्थिति से प्रभावी ढंग से निपटा जा सके।