बागेश्वर धाम पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने मंगलवार को हनुमंत कथा के पांचवें और अंतिम दिन रामसेतु पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि राम हैं तो रामसेतु है, और रामसेतु है तो रामकथा है। पंडित शास्त्री ने रामसेतु को नकारने वालों पर तंज कसते हुए कहा कि यह केवल आस्था ही नहीं बल्कि हमारी सनातन पहचान का प्रतीक है। उन्होंने श्रद्धालुओं से आह्वान किया कि हिंदुओं को एकजुट होना चाहिए। कथा के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे और रामकथा सुनकर भावविभोर हो उठे।