बड़कोट। यमुनोत्री धाम में विगत वर्ष की आपदा से हुए नुकसान के बाद सुरक्षात्मक कार्य अब तक धरातल पर नहीं उतर पाए। इस संबंध में श्री यमुनोत्री मंदिर समिति के प्रतिनिधिमंडल ने देहरादून में मुख्य सचिव व पर्यटन सचिव से मुलाकात कर उन्हें यमुनोत्री धाम की समस्याओं से अवगत कराया। साथ ही समाधान की मांग को लेकर ज्ञापन भी सौंपा। तीर्थपुरोहितों ने बताया कि आपदा में स्नान घाट, पुजारी निवास, रसोई भंडार, शौचालय और घाट के पुल बह गए, जिससे धाम में अव्यवस्था बनी हुई है। पुष्कर सिंह धामी की ओर से निरीक्षण के बावजूद कार्य शुरू नहीं हुआ। प्रतिनिधिमंडल ने यमुना घाट के दोनों ओर सुरक्षा दीवार निर्माण, गरूड़ गंगा हेलीपेड के विस्तार, खरसाली-यमुनोत्री रोपवे (2023 से लंबित) को शीघ्र पूरा करने तथा खरसाली से गरूड़ गंगा के लिए वैकल्पिक मार्ग बनाने की मांग उठाई। प्रतिनिधिमंडल में सचिव सुनील उनियाल, उपाध्यक्ष संजीव उनियाल, प्रदीप उनियाल, गौरव उनियाल और पुरुषोत्तम उनियाल शामिल रहे।