रुद्रपुर। किच्छा में सात साल पहले अवैध संबंधों के चलते हुई युवक की हत्यारोपी पत्नी और प्रेमी को तृतीय अपर ज़िला एवं सत्र न्यायाधीश ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने दोनों अभियुक्तों पर 1. 20 - 1.20 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है।
किच्छा के ग्राम राजपुरा आना शिक्षा निवासी आसीत मंडल ने अक्टूबर 2016 में कोतवाली में दर्ज कराई रिपोर्ट में कहा था कि उसके मौसेरे भाई अनिल विश्वास की पत्नी नीलिमा के अजय के साथ अवैध संबंध थे। दोनों दो माह पूर्व घर से भाग गए थे और कुछ समय बाद लौट आए थे। दोनों के अवैध संबंधों का जब अनिल ने विरोध किया तो अजय ने उसके साथ मारपीट की थी। 2 अक्तूूबर 2016 को अनिल अपनी पत्नी नीलिमा के साथ दवा लेने गया था और लौट कर नहीं आया था। उसे पूरा विश्वास है कि नीलिमा ने ही अपने पति की हत्या की है।पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर तलाश शुरू कर दी और अनिल का शव तीसरे मील के पास रेलवे क्रॉसिग पर पड़ा मिला। उसकी धारदार हथियार से हत्या की गई थी। इधर नीलिमा अचानक लापता हो गई थी। पुलिस ने नीलिमा को उसके प्रेमी अजय के साथ गिरफ़्तार कर उनकी निशानदेही पर झाड़ियों में छिपाया गया हत्या में इस्तेमाल पॉटल बरामद कर लिया था। दोनों के विरूद्ध तृतीय अपर ज़िला एवं सत्र न्यायाधीश मीना देउपा की अदालत में केस चला था। जिसमें सहायक ज़िला शासकीय अधिवक्ता लक्ष्मी नारायण पटवा ने 11 गवाह पेश कर दोनों अभियुक्तों पर आरोप सिद्ध कर दिया। जिसके बाद न्यायाधीश ने दोनों को आजीवन कारावास और जुर्माने की सजा सुना दी।