डेढ़ से तीन लाख वेतन के बावजूद नहीं मिल रहे विशेषज्ञ डॉक्टर
रुद्रपुर। ऊधमसिंह नगर जिले में स्वास्थ्य विभाग की यू कोट वी पे स्कीम अधिक सफल होती नहीं दिख रही है। अधिक वेतन मिलने के बावजूद विशेषज्ञ डॉक्टर सरकारी अस्पतालों में आना नहीं चाह रहे हैं। जिले में पिछले करीब 10 माह में इस स्कीम से सरकारी अस्पतालाें को सिर्फ पांच विशेषज्ञ डॉक्टर ही मिले हैं। स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी इसके लिए मैदानी जिलों में पर्वतीय जिलों से कम वेतन को भी जिम्मेदार बता रहे हैं।
जिले के सरकारी अस्पतालों में विशेषज्ञ डॉक्टरों की कमी है। गायनी, ईएनटी, हड्डी, त्वचा रोग, हृदय, न्यूरो आदि विशेषज्ञ डॉक्टरों के न होने के कारण मरीजों को निजी अस्पतालों में महंगा इलाज कराना पड़ रहा है। सरकारी अस्पतालों में विशेषज्ञ डाॅक्टरों की भर्ती के लिए सरकार ने यू कोट वी पे योजना शुरू की है।
इसके बावजूद जिले में इस योजना से सिर्फ पांच विशेषज्ञ डॉक्टर ही मिले हैं जबकि जिले में विशेषज्ञ डॉक्टरों के 78 पद खाली हैं। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार इस योजना में मैदानी जिलों में विशेषज्ञ डॉक्टरों को संविदा डेढ़ से दो लाख रुपये तक ही वेतन मिल रहा है जबकि पर्वतीय जिलों में साढ़े तीन लाख रुपये तक वेतन देय है। इस कारण विशेषज्ञ डॉक्टर मैदानी जिलों के अस्पतालों में नहीं आ रहे हैं।
जिले में एनएचएम के तहत संविदा पर तैनात 574 डाॅक्टरों समेत स्टाफ नर्स, फिजियोथेरेपिस्ट, डाटा एंट्री ऑपरेटर और विभिन्न कार्यक्रमों में तैनात कर्मचारियों को तीन माह से वेतन नहीं मिला है। सीएमओ डॉ. मनोज शर्मा बताते हैं कि जिले में सिर्फ 35 विशेषज्ञ डॉक्टर कार्यरत हैं। इनमें से पांच यू कोट वी पे स्कीम से आए हैं।