अनुसेवक ने एएलसी दफ्तर पर लगाए भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप
रुद्रपुर। एएलसी कार्यालय में शराब पीकर बखेड़ा और मारपीट करने के आरोप में अनुसेवक का पुलिस एक्ट में चालान कर दिया गया। अनुसेवक ने एएलसी कार्यालय में भ्रष्टाचार का गंभीर आरोप मढ़ा है।
शुक्रवार दोपहर एएलसी कार्यालय में तैनात अनुसेवक ने नशे में जमकर हंगामा काटा था। उसने डाटा एंट्री आपरेटर के साथ ही बाजपुर के श्रम प्रवर्तन अधिकारी के साथ हाथापाई की थी। बीचबचाव में आए एएलसी के साथ धक्कामुक्की की थी, साथ ही एक कार के शीशे तोड़ दिए थे। एएलसी की सूचना पर सिडकुल पुलिस ने अनुसेवक को हिरासत में ले लिया था और मेडिकल कराया था। मेडिकल में उसके नशे में होने की पुष्टि हुई थी लेकिन रात में पुलिस एक्ट में चालान कर उसे छोड़ दिया गया था।
शनिवार को एएलसी कार्यालय पहुंचे अनुसेवक महेश नैनवाल ने एएलसी पर कर्मचारियों से दुर्व्यवहार और गालीगलौज सहित भष्ट्राचार के संगीन आरोप लगाए हैं। इधर, एसपी सिटी मनोज कत्याल ने बताया कि अनुसेवक का चालान किया गया था। एएलसी की ओर से तहरीर मिली है और एसएसपी के निर्देश पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
कोट:
अनुसेवक के खिलाफ केस दर्ज करने के लिए एसएसपी को तहरीर दी जा चुकी है। अनुसेवक की ओर से जो आरोप लगाए जा रहे हैं, वो निराधार हैं। अनुसेवक ने नशे में दफ्तर में हंगामा और मारपीट की है। वह मनगढ़ंत आरोप लगा रहा है। अगर उसके पास आरोपों के साक्ष्य है तो उसने आज तक शिकायत क्यों नहीं की। उन्होंने किसी कर्मचारी के साथ कोई दुर्व्यवहार नहीं किया है। अनुसेवक की पूर्व में भी अनुशासनहीनता की शिकायतें रही हैं। -दीपक कुमार, एएलसी।
फोटो 11पी: रुद्रपुर के जिला अस्पताल से अनुसेवक का मेडिकल कराकर लाते पुलिसकर्मी।
12पी: रुद्रपुर के एएलसी कार्यालय में हंगामे के दौरान फेंके गए कागज।