रुद्रपुर। राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्ति) गुरमीत सिंह ने स्वतंत्रता संग्राम सेनानी पंडित रामसुमेर शुक्ला की जयंती पर तराई की स्थापना में उनके योगदान को अविस्मरणीय बताया। राज्यपाल ने कहा कि गोरखपुर में जन्म लेकर रंगून और लाहौर की यात्रा तय करने वाले पंडित रामसुमेर शुक्ला ने बनारस हिंदू विश्वविद्यालय, इलाहाबाद विवि में भी अपनी अमिट छाप छोड़ी। राज्यपाल ने तराई को बसाने वाले पहले 25 परिवारों से मिलने की इच्छा भी जताई और उनकी इच्छाशक्ति को सेल्यूट भी किया।
मंगलवार को मेडिकल कॉलेज परिसर में पंडित राम सुमेर शुक्ला स्मृति समारोह में पहुंचे राज्यपाल गुरमीत सिंह ने कहा कि तराई को बसाने के लिए काफी संघर्ष किया गया। उन्होंने कहा कि अमृत महोत्सव में ऐसे सपूतों को याद करके वाहेगुरु से अरदास करते हैं। उन्होंने कहा कि विकास की रफ्तार को देखते हुए लग रहा है कि भारत को विश्व गुरु बनने से कोई नहीं रोक सकता है। हमें कभी नहीं भूलना चाहिए कि हमारी विरासत क्या है, जो श्री गुरुनानक देव ने हेमकुंड साहब में आकर देखा, यह वह आवाज है जो आत्मा से निकलती है। जंगल के अंदर अपनी मेहनत से जिन लोगों ने खेत बनाए हैं उन्हें नमन है।
उन्होंने कहा कि पंतनगर कृषि विश्वविद्यालय से अगली बीज क्रांति होगी। किच्छा में एम्स के सेेटेलाइट, काशीपुर में आईआईएम की स्थापना जिले के विकास में मील का पत्थर साबित होगी। इससे पहले पूर्व विधायक राजेश शुक्ला ने बताया कि पंडित रामसुमेर शुक्ला को पंडित गोविंद बल्लभ पंत ने तराई बसाने की जिम्मेदारी दी थी। स्वास्थ्य मंत्री धन सिंह रावत ने कहा कि रुद्रपुर मेडिकल कॉलेज में शीघ्र मेडिकल की पढ़ाई शुरू करने के लिए कार्य किया जा रहा है।
इस दौरान राज्यपाल से पूर्व दर्जा राज्यमंत्री हरीश पनेरू ने मुलाकात कर हैड़ाखान-समेलिया बैंड-रीठा साहिब मार्ग को स्थायी रूप से खुलवाने की गुहार लगाई। राज्यपाल ने शीघ्र कार्यवाही का आश्वासन दिया। कहा कि यदि मार्ग एक हफ्ते में चालू नहीं होता है तो वे देहरादून आकर मिलें।
कार्यक्रम में ये रहे मौजूद
मेयर रामपाल सिंह, पंडित रामसुमेर शुक्ला स्मारक ट्रस्ट के अध्यक्ष दिनेश शुक्ला, डीएम युगल किशोर पंत, सीडीओ विशाल मिश्रा, मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. केदार सिंह शाही, सीएमओ डॉ. सुनीता चुफाल रतूड़ी, पीएमएस डॉ. आरके सिन्हा, राजेश कुमार, कुलविंदर किन्दा, शालिनी बोरा, संजीव बुधोरी, रजनीश पांडेय, मनोज सिंह पानू, मनीष शुक्ला, अभिषेक तिवारी, भारत भूषण चुघ आदि थे।
उत्कृष्ट कार्यों के लिए सात लोग सम्मानित
राज्यपाल ने उत्कृष्ट कार्य करने वाले सात महानुभावों को सम्मानित किया। इसमें कृषि कार्य के लिए चौधरी सत्येंद्र सिंह, पुलिस विभाग से एसआई कमलेश भट्ट, स्वास्थ्य विभाग से एएनएम दीपा जोशी, नानकमत्ता गुरुद्वारे के प्रधान हरबंस सिंह चुघ, उद्योग के क्षेत्र में वीरेंद्र कुमार जिंदल, खेल के क्षेत्र में मनोज सरकार और डॉ. अश्वनी चौबे को स्मृति चिह्न व शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया।
राज्यपाल से शिकायत करने आ रहे किसान को रोका
मेडिकल कॉलेज में कार्यक्रम के दौरान एक किसान अपनी शिकायत राज्यपाल से करने पहुंचा, लेकिन पुलिस ने किसान को मंच पर जाने से रोक दिया। किसान का आरोप है कि एक निजी अस्पताल ने उसकी कई एकड़ जमीन हड़प ली है। वहीं जवाहर नगर की ग्राम प्रधान दीपा कांडपाल ने शिक्षा व स्वास्थ्य मंत्री धन सिंह रावत को ज्ञापन सौंपकर सामान्य वर्ग के छात्र-छात्राओं को स्कूल की ड्रेस उपलब्ध कराने की मांग की।
गुरुद्वारा साहिब प्रबंध कमेटी ने राज्यपाल को किया सम्मानित
गुरुद्वारा साहिब प्रबंध कमेटी के सदस्यों ने राज्यपाल को सरोपा और कृपाण भेंट कर सम्मानित किया। वहां मुख्य रूप से बलजीत सिंह गाबा, बलविंदर सिंह, बाबा सुखचैन सिंह, अवतार सिंह, एडवोकेट राजेंद्र सिंह, एडवोकेट गुरमीत सिंह, हरजीत सिंह, कुलदीप सिंह बग्गा, जसवीर सिंह, सोमपाल सिंह, कुलवंत सिंह, भजन सिंह, कुलविंदर सिंह, काबल सिंह आदि थे। खड़क सिंह कार्की के नेतृत्व में पूर्व सैनिकों ने भी राज्यपाल को सम्मानित किया। संवाद
शिकायत करने पहुंचे किसान को रोकती पुलिस।- फोटो : RUDRAPUR
रुद्रपुर मेडिकल कॉलेज में राज्यपाल को बुके भेंट करते पूर्व सैनिक।- फोटो : RUDRAPUR
रुद्रपुर मेडिकल कॉलेज में स्व. राम सुमेर शुक्ला की प्रतिमा पर श्रद्धा सुमन अर्पित करते राज्यपाल ?- फोटो : RUDRAPUR