मेलाघाट मार्ग के बंद रेलवे फाटक के नीचे से बाइक निकालता युवक। -संवाद
खटीमा। मेलाघाट मार्ग रेलवे फाटक नगर की यातायात व्यवस्था के लिए मुसीबत बन गया है। खटीमा और टनकपुर के बीच रेलवे ट्रैक पर दिन में 14 बार ट्रेन गुजरने के दौरान फाटक के दोनों तरफ करीब 400 मीटर दूरी तक जाम लग रहा है। स्थानीय प्रशासन, जनप्रतिनिधियों और रेलवे के दावों के बावजूद जनता को इस समस्या से राहत नहीं मिल पा रही है।
खटीमा रेलवे स्टेशन का पहला फाटक मेलाघाट मार्ग पर पड़ता है। मेलाघाट मार्ग पर प्रतिदिन यूपी के पूरनपुर, माधोटांडा और नेपाल को जाने वाले यात्रियों के साथ ही झनकईया, मेलाघाट,खेलड़िया, ऊंचीमहुअवट, राजीव नगर, खेतलसंडा खाम के हजारों लोग गुजरते हैं। इस व्यस्त मार्ग पर रेलवे फाटक गिरते ही जाम इस कदर है कि खटीमा चौराहे तक वाहनों की लंबी कतार लग रही है तो दूसरी तरफ खेतलसंडा खाम को जाने वाले मार्ग पर वाहनों की कतार लग रही है। कुछ समय पूर्व इस समस्या से निजात दिलाने के लिए मेलाघाट और लोहियाहेड फाटक पर फ्लाईओवर बनाने पर चर्चा जरूर हुई थी लेकिन मामला अब ठंड बस्ते में चला गया है। खटीमा स्टेशन अधीक्षक कौशल कुमार कहते हैं कि फिलहाल फ्लाईओवर बनाने के संबंध में कोई सूचना नहीं है।
रेलवे मंत्री तक पहुंच चुका है मामला
खटीमा। करीब आठ साल पहले रुद्रपुर लॉजिस्टिक हब के उद्घाटन में पहुंचे तत्कालीन रेल मंत्री सुरेश प्रभु ने मेलाघाट और लोहियाहेड रोड के फाटक पर फ्लाईओवर बनाने का आश्वासन दिया था लेकिन अब तक मामला आश्वासन से आगे नहीं बढ़ा है।