रुद्रपुर कोषागार कार्यालय परिसर में विरोध प्रदर्शन करते कर्मचारी। संवाद
रुद्रपुर। कोषागार संवर्ग का गठन करने, पदोन्नति के बाद भी ग्रेड पे नहीं बढ़ने समेत विभिन्न मांगों को लेकर कोषागार कर्मचारी संगठन ने प्रदर्शन किया। इसके बाद बांह पर काली पट्टी बांधकर कार्यालय में कामकाज निपटाए। चेतावनी दी कि यदि मांगे पूरी नहीं हुई तो उग्र आंदोलन किया जाएगा।
शुक्रवार को कोषागार कार्यालय परिसर में कोषागार कर्मचारी संगठन के पदाधिकारियों व उससे जुड़े कर्मियों ने विरोध प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने बताया कि उच्च न्यायालय ने सचिवालय के लेखा संवर्ग की भांति वेतनमान देने के निर्देश दिए थे। उसके बाद सरकार ने वर्ष 2019 में एक शासनादेश जारी किया, इसके तहत कोषागार कर्मचारियों को अन्य विभागों के लेखा संवर्ग के सामान मान लिया गया। जबकि शासनादेश में साफ लिखा गया था कि यह नियम नई भर्ती पर लागू होगा। उसके बाद सरकार ने फिर से एक शासनादेश जारी कर दिया, जिसमें पुरानी भर्ती पर भी यह नियम लागू कर दिए गए। इससे कोषागार के पुराने कर्मचारियों का वेतनमान प्रभावित होने लगा है। 4600 ग्रेड पे वाला कर्मी भी पदोन्नति के बाद 4200 ग्रेड पे पा रहा है, जबकि नियमों के तहत 4800 ग्रेड पे मिलना चाहिए। इसके साथ ही कर्मचारियों का आईपीओ भत्ता भी बंद कर दिया गया। कहा कि कोषागार कर्मियों को अन्य विभागों के लेखा संवर्ग के समान समझा जा रहा है, जबकि हमारा काम बिल्कुल अलग है। वहां संगठन के जिलाध्यक्ष मोहित पाठक, महासचिव कृष्ण प्रसाद थपलियाल, सहायक कोषाधिकारी अजय कुमार, अमित कुमार, हरीश सिंह, योगिता, अशोक कुमार, प्रेम कुमार आदि थे।