रुद्रपुर। किच्छा चीनी मिल में हुई अनियमितताओं को लेकर हुई जांच के बाद दोषियों पर कार्रवाई हो रही है। प्रभारी मुख्य अभियंता एलबी सिंह के निलंबन के बाद आउटसोर्सिंग के तहत कार्य कर रहे दो अधिकारियों को प्रबंध निदेशक ने हटाने के आदेश जारी किए है। दोनों अधिकारी सेवानिवृत्त होने के बाद आउटसोर्सिंग के तहत नौकरी कर रहे थे। इसके साथ ही दोनों से पांच लाख तीन हजार रुपये की वसूली के आदेश जारी हुए है। दरअसल चीनी मिल में तमाम गड़बड़ियों की शिकायत विधायक राजेश शुक्ला ने शासन से की थी। इसके बाद जुलाई 2019 में बाजपुर चीनी मिल के तत्कालीन प्रधान प्रबंधक चंद्र सिंह इमलाल ने जांच की थी। 9 जनवरी 2020 को जांच रिपोर्ट प्रबंध निदेशक को सौंपी गई थी। इसी रिपोर्ट में दोषी पाए जाने पर तत्कालीन प्रभारी लेखा संप्रेक्षक रमेश भसीन और तत्कालीन टाइम कीपर झारखण्डेय पांडेय से पांच लाख तीन हजार तीन सौ रुपये की वसूली के आदेश प्रबंध निदेशक चंद्रेश कुमार ने दिए हैं। उक्त दोनों अधिकारी सेवानिवृत्त होने के बाद पूर्व के पदों पर आउटसोर्स के तहत कर कर रहे है। दोनों को मिल से हटाने और भविष्य में किसी कार्य के लिए नियुक्त करने पर प्रतिबंधित किया गया है। विधायक शुक्ला ने कहा कि अधिकारियों के मिल को लूटने का काम किया है। दोनों अधिकारियों ने ठेकेदार को गलत तरीके से भुगतान किया था, जिसकी रिकवरी के आदेश हुए है। नियम विरुद्ध दोनों को सेवानिवृत्त पद पर फिर से आउटसोर्सिंग से नियुक्त किया गया था। कहा कि अभी और अधिकारियों पर कार्रवाई होने वाली है।