खेत स्वामी पर लगा था गंडासे से हत्या करने का आरोप
रुद्रपुर। जिला न्यायालय ने जसपुर में साढ़े चार साल पहले हुए राजवती हत्याकांड के आरोपी को बरी किया। राजवती का शव आरोपी के खेत के पास ट्यूबवेल किनारे मिला था। अदालत ने सुनवाई के दौरान पुख्ता साक्ष्य नहीं मिलने पर आरोपी को दोषमुक्त करार दिया है।
11 अगस्त 2018 को ग्राम कासमपुर, जसपुर निवासी राजवती का शव एक खेत के पास ट्यूबवेल के किनारे मिला था। घटना से पहले वह घटनास्थल के पास खेत में पति के साथ धान की निराई कर रही थी। वह पानी पीने गई और कुछ देर बाद उसकी चीख सुनाई दी थी। जसपुर पुलिस ने मृतका के पति की तहरीर पर चार आरोपियों के खिलाफ हत्या और एससी-एसटी एक्ट के तहत केस दर्ज किया। 15 अगस्त को पुलिस ने हत्या के आरोप में खेत स्वामी घनेंद्र सिंह निवासी कामसपुर को गंडासे के साथ गिरफ्तार किया था। मृतका घनेंद्र के खेत में मजदूरी करती थी। पुलिस का कहना था कि आरोपी ने अपने बयान में मृतका से संबंध होने और इस वजह से परिवार में हो रही कलह के चलते हत्या करने की बात स्वीकारी थी। घनेंद्र की गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने नामजद चार आराेपियों के नाम मुकदमे से हटा दिए थे। इधर, विशेष सत्र न्यायाधीश प्रेम सिंह खिमाल की अदालत में मामले की सुनवाई चल रही थी। अदालत ने मामले में दोनों पक्षों की ओर से पेश किए गए 16 गवाहाें को सुना और 25 सबूतों को देखा। आरोपी के अधिवक्ता आर पी सिंह ने बताया कि अदालत को मामले में घनेंद्र के खिलाफ पुख्ता सुराग नहीं मिले। मंगलवार को अदालत ने आरोपी को हत्या और एससी एसटी एक्ट के आरोपी से बरी कर दिया।