पूर्व प्रधान महल सिंह की हत्या
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दो प्रदेशों की खाक छानने के बावजूद जुड़का निवासी पूर्व ग्राम प्रधान महल सिंह हत्याकांड को लेकर काशीपुर पुलिस के हाथ खाली है। हत्याकांड में लोकल कनेक्शन की तलाश में पुलिस पिछले तीन दिनों में 300 से अधिक सीसीटीवी फुटेज चेक कर चुकी है। पुलिस संदिग्धों के लिंक खोजने में जुटी है। सूत्रों के अनुसार महल हत्याकांड में दो से अधिक स्थानीय लोगों की संलिप्तता हो सकती है। पुलिस ने एक खनन माफिया समेत कुछ लोगों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है।
ग्राम जुड़का निवासी पूर्व ग्राम प्रधान और क्रशर कारोबारी महल सिंह (64) की बीती 13 अक्तूबर को उनके घर के भीतर घुसकर गोलियों से भूनकर हत्या कर दी गई थी। वारदात के बाद दोनों आरोपी मौके से फरार हो गए थे। महल सिंह के भतीजे कर्मपाल सिंह एड ने कनाड़ा में रह रहे गुलजारपुर निवासी हरजिंदर सिंह उर्फ काले पर हत्या का शक जताया है। पुलिस आरोपी के केयर टेकर, उसके पुत्र समेत अन्य लोगों से पूछताछ कर रही है। रविवार तक पुलिस की टीमें 300 से अधिक सीसीटीवी फुटेज चेक कर चुकी है। सर्विलांस से मिल रहे इनपुट के आधार पर आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिशें दी जा रही हैं।
रविवार को एसपी क्राइम अभय प्रताप सिंह के नेतृत्व में पहुंची टीम ने एनआरआई हरजिंदर सिंह काले की कोठी से कुछ दूरी पर रहने वाले खनन माफिया को हिरासत में ले लिया। यह माफिया पहले दिन से पुलिस के रडार पर था लेकिन पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ पा रहा था। भरतपुर निवासी गुरजीत की हत्या के बाद वह कुंडा में एनएच पर लगे जाम में देखा गया था। महल सिंह की हत्या के बाद पुलिस ने उसे फोन मिलाया तो उसने खुद को केदारनाथ में होना बताया जबकि वह वहां नहीं गया था। पुलिस के बुलाने पर भी नहीं आया।
इस पर पुलिस टीम ने दबिश देकर उससे पूछताछ शुरू कर दी है। पुलिस एनआरआई की राजदार महिला से भी पूछताछ में जुटी है। संदिग्धों की तलाश में पुलिस टीमें पंजाब व यूपी के कई जिलों में खाक छान रही हैं। एसएसपी मंजूनाथ टीसी ने बताया कि महल हत्याकांड में पुलिस को कुछ इनपुट मिले हैं। उन पर काम चल रहा है, उम्मीद है आरोपी जल्द पकड़े जाएंगे।