पंतनगर। गोविंद बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के परिसंपत्ति और सुरक्षा विभाग कर्मियों ने परिसर में 917 अतिक्रमण चिह्नित किए हैं। उन्होंने करीब सात दिन में सर्वे पूरा कर मंगलवार को रिपोर्ट निदेशक प्रशासन बीएल फिरमाल को सौंप दी है।
अतिक्रमणकारियों ने विवि परिसर की 130 एकड़ भूमि पर अवैध कब्जा कर झोपड़ी व पक्के आवास बनाए हैं। ये निशुल्क बिजली और पानी जैसी सरकारी सुविधाओं का लाभ उठा रहे हैं। इसे मुक्त कराने के लिए जिला और पुलिस प्रशासन ने कवायद शुरू कर दी है। बीते दिनों सीओ पंतनगर तपेश कुमार चंद ने विवि के कुलपति को पत्र लिखकर विवि की भूमि से अतिक्रमण हटाने में सहयोग करने की अपील की थी। साथ ही उन्होंने विवि से एक नोडल अधिकारी को भी नामित करने का अनुरोध किया था, ताकि वह अतिक्रमण हटवाने में जिला प्रशासन को सहयोग कर सके।
विवि प्रशासन ने परिसंपत्ति व सुरक्षा विभाग को सर्वे कार्य में लगाया था। सर्वे में पंतनगर विवि परिसर के इंदिरा काॅलोनी में 233 आवास/झोपड़ियां, झा काॅलोनी में 321, फूलबाग सेंटर के पास 95, लालबाग में 36, तराई भवन के पीछे 10, सीआरसी भट्ठा 27, डेयरी फार्म के पीछे 59, पोल्ट्री फार्म के पीछे 68 और एक नंबर हॉस्टल से छह नंबर हॉस्टल के बीच 68 अवैध आवास/झोपड़ियां चिह्नित की हैं।
पांच जून को डीएम कार्यालय पर धरना देंगे बेहड़
पंतनगर। किच्छा विधायक तिलकराज बेहड़ ने कहा कि जिला प्रशासन क्षेत्र में अवैध अतिक्रमण व सत्यापन के नाम पर बाहरी लोगों से धन उगाही और उनका शोषण कर रहा है। इसके विरोध में वह पांच जून को डीएम कार्यलय पर सुबह 10.30 बजे से धरना देंगे। उन्होंने क्षेत्र के पीड़ितों से धरने में शामिल होने की अपील की है।