काशीपुर। ग्राम फरीदनगर ठाकुरद्वारा मुरादाबाद यूपी निवासी नासिर हुसैन करीब 1 महीने से रामनगर स्थित निर्माणाधीन सरकारी भवन में ठेकेदार के अधीन काम कर रहा था। उसके साथ साथ बाजपुर के इमरान और नादिर भी काम करते थे। लॉकडाउन के कारण ठेकेदार भी अपने गांव में फंस गया। पास में जो पैसे थे वो खत्म हो गए थे।
मंगलवार को तीनों मजदूरों के पास न तो खाने के पैसे थे न ही किराए के लिये। तीनों युवक सुबह ही भूखे पेट अपने-अपने घर के लिए निकल पड़े। नासिर ने बताया कि वे रामनगर से रेलवे पटरी होते हुए काशीपुर पहुंचा है। खाने के लिए उनके पास पैसे नहीं थे। रास्ते में पानी के सहारे यहां तक पहुंचा। काशीपुर पहुंचने पर एक युवक द्वारा फल खिलाने पर उसने राहत की सांस ली। वह अपने घर के लिए रवाना हो गया।