काशीपुर। शशांक के पिता कृष्ण कुमार डोभाल ने पुलिस की ओर से किए गए खुलासे पर प्रश्न चिह्न लगाते हुए बयान जारी किया है। कहा, पुलिस शशांक को नशे का आदी और डिप्रेशन में बता रही है। उन्होंने इस तरह का कोई बयान नहीं दिया था। कहा कि कहा शशांक को घर पर ही मारकर शव पर घटनास्थल पर फेंका गया।
केके डोभाल ने कहा कि उनका बेटा चार-पांच महीने से बाहर था और नोएडा की एक कंपनी में काम करता था। वह रक्षाबंधन पर घर आया था। पुलिस रुपये के लेनदेन की बात कह रही है, जो कि सरासर गलत और मनगढ़ंत कहानी है। शशांक को किसी को रुपये नहीं देने थे।
27 अगस्त तक पुलिस की सोच थी कि साढ़े नौ बजे के बीच शशांक शिखर के घर जाते दिखा। इसके बाद घर से नहीं निकला। इसका मतलब इस बीच ही कोई घटना हुई थी। तब शिखर का परिवार घर पर ही था। जिसके नाम कार पंजीकृत है, उसके खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने शिखर के माता-पिता की कॉल डिटेल निकलवाने की मांग की।
उनका आरोप है कि घटनास्थल में मिली कार में चादर थी, जिसका प्रयोग शव को ले जाने के लिए किया गया था।