धरना समाप्त करने के बाद सभा को संबोधित करते किसान।
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विभिन्न मांगों को लेकर कलक्ट्रेट परिसर में पिछले तीन दिनों से धरने पर बैठे किसानों ने रविवार को अपना आंदोलन समाप्त कर दिया। धरना उस समय खत्म हुआ जब एडीएम पंकज उपाध्याय ने किसानों से वार्ता कर उनकी मांगों पर नियमानुसार कार्रवाई और शासन स्तर पर मुद्दों को उठाने का आश्वासन दिया।
किसान उत्तर प्रदेश की तर्ज पर बिजली बिल माफ करने, बंजर भूमि पर किसानों को मालिकाना हक देने समेत आठ सूत्रीय मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे थे। किसानों का कहना था कि लंबे समय से मांगें उठाई जा रही हैं, लेकिन अब तक उनका समाधान नहीं हुआ।
एडीएम के आश्वासन के बाद किसानों ने धरना समाप्त करने का निर्णय लिया। हालांकि उन्होंने चेतावनी दी कि यदि एक महीने के भीतर उनकी मांगों पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो वे देहरादून कूच कर सरकार के खिलाफ बड़ा आंदोलन शुरू करेंगे।
किसानों ने कहा कि फिलहाल उन्होंने प्रशासन को समाधान का अवसर दिया है, लेकिन तय समय सीमा के बाद भी कार्रवाई नहीं होने पर आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।