पशु रोग अनुसंधान प्रयोगशाला ने मुंबई की एक कंपनी से खरीदा है सॉफ्टवेयर
रुद्रपुर। पशुओं के रक्त, मल-मूत्र, लीवर-किडनी या फिर दूध की जांच रिपोर्ट घर बैठे पशुपालकों को डिजिटल रूप में मिल जाएगी। कुमाऊं की पहली पशु रोग अनुसंधान प्रयोगशाला ने मुंबई की एक कंपनी से सॉफ्टवेयर खरीदा है। सॉफ्टवेयर की मदद से पशुपालकों को एसएमएस की जरिए एक लिंक भेजा जा रहा है, लिंक में क्लिक करते ही डिजिटल जांच रिपोर्ट की फाइल डाउनलोड हो जाएगी।
रुद्रपुर में नैनीताल, यूएस नगर और चंपावत जिले की सुविधा के लिए पशु रोग अनुसंधान प्रयोगशाला बनाई गई है। इसमें पशुओं को होने वाली थैलेसिया, बबेसिया, सररा, एनाप्लाक्सा समेत विभिन्न रोगों की जांच की जाती है। इन सभी बीमारियों का पता लगाने के लिए लैब में रक्त, मल, पेशाब या बायोकेमिकल परीक्षण भी किया जाता है। रक्त संबंधित जैसे हीमोग्लोबिन, पीसीवी, टीएलसी, टीईसी, डीएलसी, ईएसआर, ब्लड प्रोटोजोन जैसी जांच भी होती हैं। लैब में पशुओं के सैंपल व पशुपालकों के मोबाइल नंबर दर्ज करने के बाद उन्हें कर्मचारियों की ओर से एसएमएस भेजा जाता है। जिस तरह इंसानों के अस्पताल में डायगनोस्टिक सर्विस के माध्यम से डिजिटल रिपोर्ट भेजी जाती है। उसी तरह ही पशुओं की भी रिपोर्ट एसएमएस के माध्यम से लिंक में भेजी जा रही है। बता दें कि, लीवर-किडनी या दूध की जांच लैब में निशुल्क की जाती है। जबकि रक्त की 10 रुपये व मल-मूत्र की जांच के लिए पांच रुपये देने पड़ते हैं।
कोट-
पशुपालकों को जांच रिपोर्ट लेने के लिए लैब में चक्कर लगाने की जरूरत नहीं है। मुंबई की एक कंपनी से सॉफ्टवेयर खरीदा गया है। ताकि पशुपालकों को घर बैठे मोबाइल में डिजिटल रूप में जांच रिपोर्ट मिल सके। लैब की ओर से सॉफ्टवेयर में सिर्फ एसएमएस का रिचार्ज कराना पड़ता है। -डॉ. सपना मिश्रा, संयुक्त निदेशक, पशु रोग अनुसंधान प्रयोगशाला।