फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन की धज्जियां: प्रतिबंध के बावजूद छात्र दौड़ा रहे बाइक-स्कूटी, प्रशासन मौन

Mon, 26 Oct 2026 12:24 PM IST
Heera अमर उजाला नेटवर्क, ऊधम सिंह नगर

सार

काशीपुर में 18 साल से कम उम्र के किशोर धड़ल्ले से बाइक और स्कूटी लेकर स्कूल पहुंच रहे हैं। सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन के अनुसार स्कूल प्रशासन को छात्रों के वाहन लाने पर प्रतिबंध लगाना चाहिए, लेकिन प्रबंधन ऐसे छात्रों के खिलाफ कार्रवाई नहीं कर रहा है।
विज्ञापन
बाइक से स्कूल जाते स्कूली छात्र। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

काशीपुर शहर में धड़ल्ले से 18 साल से कम उम्र के किशोर बाइक और स्कूटी लेकर स्कूल पहुंच रहे हैं। सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन के अनुसार स्कूल प्रशासन को छात्रों के वाहन लाने पर प्रतिबंध लगाने के निर्देश हैं। बावजूद इसके प्रबंधन ऐसे छात्रों के खिलाफ कार्रवाई करते नजर नहीं आ रहे हैं।

अधिकांश स्कूलों के छात्र प्रतिबंध के बावजूद बाइक और स्कूटी से पहुंच रहे हैं। कई स्कूलों के छात्रों ने स्कूल परिसर के आसपास की कॉलोनियों को अनाधिकृत रूप से बाइक स्टैंड बना रखा है। सुबह और छुट्टी के समय कॉलोनियों में बाइकों का जमावड़ा लगा रहता है जिससे कॉलोनीवासियों को परेशानी हो रही है। लोगों का कहना है कि नाबालिग छात्रों का बाइक चलाना खतरनाक है फिर भी अभिभावक और स्कूल प्रबंधन रोक नहीं लग रहा है। कई स्कूली छात्र तीन सवारी लेकर चलते हैं तो स्टंट करने से भी बाज नहीं आते हैं। इससे हादसों का खतरा बना रहता है।

 

किशोरों के लिए बने नियम और कार्रवाई

- 18 साल से कम उम्र के छात्र बाइक/स्कूटी नहीं चला सकते।

- 16 से 18 साल तक सिर्फ 50 सीसी तक की बिना गियर दोपहिया वाली गाड़ी लर्नर लाइसेंस के साथ चला सकते हैं।

- नाबालिग के वाहन चलाने पर 25000 रुपये तक जुर्माना।

- तीन साल तक वाहन मालिक माता-पिता/अभिभावक को सजा।

- एक साल तक वाहन का रजिस्ट्रेशन रद्द।

- नाबालिग 25 साल की उम्र तक लाइसेंस के लिए अयोग्य।

- सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन के अनुसार छात्रों के वाहन लाने पर प्रतिबंध।

- स्कूल परिसर में छात्रों की बाइक पार्किंग नहीं होनी चाहिए।

पुलिस टीम के साथ सुबह और स्कूल छुट्टी के दौरान चेकिंग अभियान चलाया जाएगा। बाइक और स्कूटी चलाते पकड़े जाने वाले कम उम्र के छात्रों/नाबालिगों के परिजनों पर कार्रवाई की जाएगी। -नीरज कुमार, यातायात प्रभारी

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें