शहर की पॉश कॉलोनी मेट्रोपोलिस सिटी में चोरों ने दिनदहाड़े एक घर में सेंध लगा दी। चोर छह लाख के जेवरात सहित हजारों की नगदी और कैमरा पार कर लिया। इतना ही नहीं शातिर चोर पुलिस की पकड़ से बचने के लिए घर में लगे सीसीटीवी कैमरों की डीवीआर भी निकाल ले गए। सिडकुल चौकी पुलिस और फोरेंसिक टीम ने मौका मुआयना कर फिगर प्रिंट सहित अन्य सबूत जुटाए।
सिडकुल की डाबर इंडिया लिमिटेड कंपनी में बतौर मेंटिनेंस आफिसर काम करने वाले विनय वर्मा अपनी पत्नी लता और बेटे वरुण के साथ मेट्रोपोलिस सिटी के एफ-103 विला मे रहते हैं। विनय के अनुसार, शुक्रवार की सुबह वह कंपनी चले गए थे। बेटे को स्कूल भेजने के बाद पत्नी लता भी दोपहर में काम से बाजार निकल गई थीं।
अपरान्ह दो बजे लता बाजार से घर पहुंची तो मुख्य दरवाजे का ताला टूटा था। उन्होंने कमरे के अंदर जाकर देखा तो बैडरुम में अलमारी खुली होने के साथ ही कमरे का सारा सामान बिखरा पड़ा था। घर में रखे पत्नी लता और फुलसुंगा में रहने वाले उनके छोटे भाई संजय वर्मा की पत्नी के सोने के आभूषण गायब थे। चोर करीब छह लाख रुपये के जेवरात, अलमारी में घर के खर्च के लिए रखी आठ हजार रुपये की नगदी, डिजीटल कैमरा और सीसीटीवी कैमरों की डीवीआर भी अपने साथ ले गए।
सिडकुल चौकी पुलिस के साथ ही फोरेंसिक टीम ने आसपास के लोगों से पूछताछ कर साक्ष्य जुटाये। पंतनगर थाना प्रभारी संजय पाठक ने बताया कि मामले में अज्ञात चोरों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर दो पुलिस टीमों को उनकी सुरागकशी में लगा दिया है। कॉलोनी में ही काम कर रहे तीन संदिग्ध युवकों से भी पूछताछ की जा रही है।
सुरक्षा व्यवस्था पर लगे सवालिया निशान
मेट्रोपोलिस सिटी में दिनदहाड़े चोरी की वारदात ने कॉलोनी की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठा दिए हैं। कॉलोनी में आने जाने के लिए तीन गेट बनाए गए हैं। हर गेट पर 24 घंटे निजी सुरक्षा एजेंसी का गार्ड तैनात रहता है, वहीं एक गार्ड की ड्यूटी कॉलोनी में लगातार गश्त की होती है। विनय का घर सुरक्षा के हिसाब से इसलिए अधिक सुरक्षित माना जा रहा था कि वहां से मात्र 50 मीटर की दूरी पर ही कॉलोनी का मुख्य गेट है। वहां हर वक्त सुरक्षा गार्ड आने जाने वालों पर नजर रखते हैं।
दीवार फांदकर आये, तकिये के कवर में ले गये सामान
घर में घुसे चोरों ने घर में घुसने के लिए पड़ोसी की दीवार का इस्तेमाल किया। विनय के अनुसार, उनके पड़ोस का विला खाली है और चोर मुख्य गेट का ताला ना तोड़कर पड़ोस की दीवार फांदकर घर में घुसे। चोर अपने साथ कोई बैग भी नहीं लाये थे। उन्होंने चोरी का सामान को भरने के लिए तकिये का कवर का इस्तेमाल किया। कवर छोटा होने के कारण ही चोर लैपटाप नहीं ले जा सके।
रैकी करने के बाद दो लोगों के घर में घुसने की आशंका
मेट्रोपोलिस सिटी में दिनदहाड़े हुई चोरी के मामले में पुलिस दो लोगों के शामिल होने की आशंका जता रही है। पुलिस के अनुसार चोरी से पहले घर की रैकी भी की गई। इससे चोरों को जहां यह पता था कि विनय के पड़ोस में कोई नहीं रहता वहीं इस बात की भी जानकारी थी कि किस समय वहां सुरक्षा गार्ड की गश्त रहती है। चोर विनय के घर के सामने स्थित गेट नंबर दो से भी नहीं आये। उन्होंने कॉलोनी में आने के लिए गेट नंबर एक या तीन का इस्तेमाल किया होगा।