जिले के एसएसपी नीलेश आनंद भरणे सोमवार को फिल्मी अंदाज में दिखे। लगातार बढ़ते अपराधों पर अंकुश लगाने के लिए स्वयं एसएसपी ने मैदान में उतरकर मोर्चा संभाला। लिहाजा सोमवार तड़के गंगापुर रोड स्थित टीवीएस लुकास कंपनी के गोदाम से 10 करोड़ रुपये का माल चोरी होने से बच गया।
कप्तान के कड़े तेवरों के चलते पुलिस टीम भी मुस्तैद दिखी। शहर और आसपास के क्षेत्रों में रात्रि गश्त में पुलिस की चीता मोबाइल सहित अन्य पेट्रोलिंग टीम सक्रिय हो गई है। सोमवार तड़के जिस तरह से बदमाशों ने 10 करोड़ रुपये के माल को ठिकाने लगाने का जो तानाबाना बुना था, उसे पुलिस की सक्रियता ने ध्वस्त कर दिया।
टीवीएस के करोड़ों रुपये के माल से भरे गोदाम पर यूपी गैंग के बदमाशों की पिछले तीन-चार महीने से नजर थी। बदमाश गोदाम की कई बार रैकी कर चुके थे। वह गोदाम के आसपास ही कुछ दिनों के लिए ठहरते थे, जैसे ही उन्हें पता चला कि गोदाम में करीब 10 करोड़ रुपये तक का माल स्टॉक में है, उन्होंने अपनी रणनीति को अंजाम देने की ठान ली।
इसमें रविवार शाम से हो रही मूसलाधार बारिश भी उनके लिए मुफीद साबित हो रही थी। जैसे ही सोमवार तड़के तीन बजे, छह बदमाश वारदात के लिए धमक पड़े। भारी बारिश का भी बदमाशों ने पूरा फायदा उठाना चाहा, लेकिन पुलिस कप्तान के सख्त निर्देश और चीता मोबाइल पर तेज तर्रार जवानों की तैनाती ने बदमाशों की मंशा पर पानी फेर दिया।
पुलिस मुठभेड़ के दौरान अगर हथियारों से लैस पांचों बदमाश पुलिस को मिल जाते तो वहीं ढेर हो जाते, क्योंकि एसएसपी नीलेश आनंद भरणे अपनी फोर्स के अलावा एसओजी, क्यूआरटी (क्विक रिस्पांस टीम), ग्रेहाउंड टीम एके-47, एके-56, एसएलआर के साथ बदमाशों को तलाश रहे थे। लेकिन लेकिन बारिश और जंगल का फायदा फरार पांचों बदमाशों को मिल गया।
एसएसपी भरणे के गनर ने भी काफी देर तक मोर्चा संभाले रखा। मुठभेड़ के लिए जब सोमवार तड़के स्वयं एसएसपी फोर्स के साथ निकले तो गनर ने भी पीएसी के जवानों सहित ब्लैक कमांडो सहित अन्य टीम को भी बड़ी तेजी के साथ मुस्तैद करने में मोर्चा संभाले रखा।