डीएम के निर्देश पर एसडीएम पीएस राणा, सीएमएस डा. वीके तिलारा ने स्वास्थ्य और राजस्व टीम के साथ बाजपुर दोराहा चौक और केलाखेड़ा के दो अस्पतालों पर छापेमारी की। एसडीएम ने फर्जी तरीके से चल रहे दोनों अस्पतालों को सीज कर दिया। बीडी हास्पिटल नाम से दोनों अस्पतालों को एक ही व्यक्ति संचालित कर रहा था।
गांव बाजपुर निवासी अहमद नवी ने 18 जनवरी को डीएम, सीएमओ को शिकायती पत्र भेजकर बाजपुर दोराहा चौक स्थित बीडी हास्पिटल एवं जच्चा बच्चा केंद्र को बिना डिग्री के डाक्टरों से संचालित करने, प्रसव, आपरेशन इत्यादि करने का आरोप लगाया था। इस पर सीएमएस डा. वीके तिलारा को जांच सौंपी गई। जांच रिपोर्ट के बाद संचालक कर्ता से शैक्षिक प्रमाण पत्रों की प्रतियां मांगी गईं, जिसे संचालक कर्ता उपलब्ध नहीं करा सके।
डीएम के निर्देश पर बुधवार को एसडीएम राणा, सीएमएस डा. तिलारा, नायब तहसीलदार प्रताप राम आर्य, नायब नाजिर मोहम्मद उमर, पटवारी नरेंद्र कुमार, अकरम आदि ने संयुक्त टीम के साथ दोराहा और केलाखेड़ा में सरकड़ी रोड पर बीडी हास्पिटल के नाम से चल रहे दोनों अस्पतालों को सीज कर दिया। टीम ने अस्पताल में भर्ती मरीजों को बाहर कर दिया। गंभीर मरीज को 108 एंबुलेंस से सीएचसी में भर्ती कराया गया।
एसडीएम पीएस राणा ने बताया कि जांच पड़ताल के बाद संचालक कर्ता मुनब्बर अली के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। रिपोर्ट डीएम को दे दी गई है। इधर संचालक कर्ता मुनब्बर अली ने कहा कि द्वेष और राजनैतिक भावना के तहत उनके अस्पताल को सीज किया गया है।
क्षेत्र में फर्जी तरीके से चल रहे कई अस्पताल
नागरिकों ने बाजपुर, दोराहा, सुल्तानपुर पट्टी, केलाखेड़ा, बेरिया दौलत, बन्नाखेड़ा, बरहैनी सहित अन्य ग्रामों में भी कई अस्पताल फर्जी तरीके से चलाने का आरोप लगाया है। लेकिन चिकित्सा विभाग सबकुछ जानते हुए भी अनजान बना है। सीएमएस डा. वीके तिलारा ने बताया कि शिकायत मिलने पर कार्रवाई की जायेगी।