रुद्रपुर सिडकुल चौकी से डीपी को नैनीताल ले जाते पुलिसकर्मी
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एनएच-74 भूमि मुआवजा घोटाले के मुख्य आरोपी डीपी सिंह की तीन दिन की रिमांड खत्म होने पर एसआईटी ने उसे नैनीताल जेल भेज दिया है। एसआईटी अब एनएचएआई नजीमाबाद और रुद्रपुर के अधिकारियों से पूछताछ करेगी।
बृहस्पतिवार को एनएच 74 भूमि मुआवजा घोटाले की जांच कर रही एसआईटी ने घोटाले के मुख्य आरोपी डीपी सिंह को तीन दिन की पूछताछ के बाद जेल रवाना कर दिया। बताया जा रहा है कि तीन दिन की रिमांड में एसआईटी ने डीपी से भूमि मुआवजा घोटाले को लेकर एनएचएआई के संबंध में पूछताछ की इसमें एसआईटी के हाथ कुछ महत्वपूर्ण जानकारी लगी है। मुआवजा घोटाले में एनएचएआई अफसरों की भूमिका को लेकर भी कई चीजें साफ हो गई हैं।
इसी आधार पर एसआईटी सोमवार को एनएचएआई नजीमाबाद के परियोजना प्रबंधक और सहायक परियोजना प्रबंधक से पूूछताछ करेगी। एनएचएआई अधिकारियों से पूछताछ के लिए एसआईटी द्वारा सवालों की सूची भी तैयार की गई है। वहीं बाजपुर ताली गांव के दो काश्तकारों से पूछताछ करने के साथ ही एसआईटी ने उनके बैंक खातों की डिटेल भी जांची।
इधर, नैनीताल कोर्ट ने निलंबित एसडीएम भगत सिंह फोनिया की जमानत याचिका पर सुनवाई करते हुए उसे खारिज कर दिया है। पखवाड़े भर पहले एसआईटी द्वारा गिरफ्तार किये गये भगत सिंह फोनिया ने चार दिन पूर्व नैनीताल जिला कोर्ट में जमानत याचिका दाखिल की थी।
नौ गांवों के पारित अभिनिर्णयों के दस्तावेज मांगे
रुद्रपुर। भूमि मुआवजा घोटाले की जांच में लगी एसआईटी लगातार जरूरी दस्तावेजों को कोषागार के डबल लॉक से कब्जे में ले रही है। बृहस्पतिवार को दिनभर एसएलओ दफ्तर के कर्मचारी एसआईटी कर्मियों को दस्तावेज उपलब्ध कराते रहे। डीपी से पूछताछ के बाद एसआईटी ने बाजपुर और जसपुर तहसील के नौ गांवों में हुए जमीनों के अभिनिर्णय के मामलों के दस्तावेज मांगे। जिन्हें कर्मचारियों ने एसआईटी को उपलब्ध करवाया।