मजदूर परिवार के इकलौते चिराग दीपक के कत्ल को कहीं किसी अपने ने तो अंजाम नहीं दिया या फिर बच्चा किसी विद्या तंत्र के परीक्षण की भेंट चढ़ गया या वह किसी का राज जान गया था। बालक का अपहरण तो हुआ पर मौत की वजह पर कई सवाल खड़े हो गए हैं। आखिरकार कातिल कौन है? यह पुलिस के लिए बड़ी चुनौती बन गया है, जिसे सुलझाने के लिए कप्तान खुद ही पड़ताल में जुटे हैं। डॉग स्क्वायड और एसओजी की टीमें भी घटनास्थल से साक्ष्य जुटाने में लगी हैं।
प्रतापपुर नंबर चार बंगाली कॉलोनी निवासी लाल सिंह विश्वास मजदूर हैं। उसके पांच बच्चों में दीपक इकलौता बेटा था। रविवार शाम करीब छह बजे दीपक (7) घर के बाहर खेलते समय गायब हो गया था। परिजनों ने तलाश की तो करीब ढाई घंटे बाद उसका शव घर से ढाई सौ मीटर दूरी पर गेहूं के खेत में एक बोरे में बरामद हुआ। दीपक के हाथ पीठ पर बंधे थे और मुंह पर भी टेप लगाया गया था। दीपक की गला घोंटकर हत्या होना तो सब मान रहे हैं, लेकिन उसकी हत्या के पीछे कई राज छिपे हैं। मुंह और नाक पर मिट्टी भरी होने से शक तंत्र विद्या के लिए दीपक की हत्या किए जाने का भी अंदेशा जताया जा रहा है।
वहीं, दूसरी तरफ कहीं किसी अपने ने तो दीपक की हत्या नहीं की, इस दिशा में भी पुलिस जांच कर रही है। चर्चा है कि दीपक ने किसी ऐसे व्यक्ति को आपत्तिजनक हालत में देख लिया हो या फिर उनका कोई राज जान गया, जिसकी वजह से उसकी हत्या कर दी गई। इन सब सवालों की गुत्थी सुलझाने के लिए एसएसपी डॉ. सदानंद दाते खुद ही मामले की पड़ताल में जुटे हैं। सोमवार को दिन में एसपी देवेंद्र पींचा और सीओ हिमांशु शाह के साथ कप्तान प्रतापपुर चौकी पहुंचे और मातहतों को जरूरी निर्देश दिए। इधर, पोस्टमार्टम के बाद दीपक का शव परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया। पोस्टमार्टम में दम घुटने से मौत होने का कारण सामने आया है। दोपहर में परिजनों ने दीपक का अंतिम संस्कार कर दिया।
श्मशान घाट से कब्जे में ली तंत्र विद्या सामग्री
नानकमत्ता। पुलिस ने तंत्र विद्या के कारण दीपक विश्वास की मौत होना मानते हुए इस बिंदु पर भी जांच कर रही है। थानाध्यक्ष अशोक कुमार के साथ पुलिस टीम दीपक के घर से एक किमी दूर स्थित श्मशान घाट पहुंची। वहां से एसओ कुमार ने तंत्र विद्या सामग्री को अपने कब्जे में ले लिया। एसओ ने बताया कि तंत्र विद्या सामग्री की भी गहनता से जांच की जा रही है।
पूछताछ के लिए छह संदिग्धों को उठाया
नानकमत्ता। सात वर्षीय बालक दीपक की हत्या के खुलासे के लिए पुलिस संदिग्धों की धरपकड़ में जुटी है। रविवार रात शव मिलने के बाद पुलिस ने छह संदिग्धों को उठाया। पूछताछ के बाद चार लोगों को छोड़ दिया गया है। दो लोगों को फिलहाल चौकी में बैठाया गया है, जिनसे पूछताछ चल रही है।
डॉग स्क्वायड की निशानदेही पर एक संदिग्ध को उठाया
नानकमत्ता। एसएसपी के निर्देश पर रविवार देर रात डॉग स्क्वायड की टीम भी घटनास्थल पहुंची। कुत्ते को मृतक दीपक के कपड़े सुंघाकर पड़ताल में लगाया तो वह घटनास्थल से दौड़ता हुआ मृतक के घर के पास में ही एक घर पर जाकर रुका। इस पर पुलिस ने पड़ोसी ग्रामीण को पूछताछ के लिए उठा लिया। पुलिस ने गेहूं के खेत से पैरों के निशान भी उठाए हैं। वहीं एसओजी की टीम ने घटनास्थल पहुंचकर मामले की जांच की। इसके बाद घटनास्थल के आसपास की मोबाइल लोकेशन भी ट्रेस की।