दांपत्य रिश्तों में उपजे विवाद में पति ने साथियों के साथ मिलकर पत्नी और एक बेटे का अपहरण कर लिया। अपहरण की घटना के कुछ घंटे बाद ही महिला की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। वहीं, अपहृत बच्चे का देर शाम तक सुराग नहीं लग सका था। परिजन महिला की हत्या की आशंका जता रहे हैं। पति की प्रताड़ना से तंग होकर महिला सप्ताह भर पहले ही अपने मामा के घर रहने आई थी। बच्चे और महिला के पति की तलाश में पुलिस दबिश दे रही है। मृतका का पति ढाई माह पहले ही जेल से छूटकर आया आया है।
मूल रूप से मेलाघाट थाना झनकइया और हाल निवासी ग्राम कच्ची खमरिया निवासी सुरेंद्र कौर (19) पुत्री जसवंत सिंह ने शनिवार दोपहर करीब दो बजे थाने पहुंचकर थानाध्यक्ष अशोक कुमार को तहरीर सौंपी। युवती ने बताया कि सुबह करीब नौ बजे उसका पिता तीन-चार अन्य लोगों के साथ घर पर आया था। पिता ने मां सुखवीर कौर (40) के साथ गालीगलौच और मारपीट की और फिर मां और उसके भाई कर्मजीत (12) का अपहरण कर लिया। युवती ने आशंका जताई कि पिता मां और भाई के लिए खतरा बन सकता है। हरकत में आई पुलिस ने दोनों की खोजबीन शुरू की। शाम करीब चार बजे पुलिस का अपहृत महिला के पति से फोन पर संपर्क हुआ तो पता चला कि सुखवीर कौर ने जहर खा लिया और अस्पताल में उसकी मौत हो गई है। इससे पुलिस महकमे में खलबली मच गई। पुलिस जब तक अस्पताल पहुंचती महिला का पति, बच्चे और साथियों के साथ फरार हो चुका था। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए खटीमा भिजवाया। सूचना पर अपने नाना बलदेव सिंह निवासी सिसैया झनकइया गांव के साथ अस्पताल पहुंची मृतका की बेटी ने बताया कि पिता की गलत हरकतों के कारण मां और पिता के रिश्तों में दरार आ गई थी। कई बार पिता मां से अश्लील हरकतें भी करता था। विवाद बढ़ने पर मां अपने मामा जीत सिंह पुत्र लाभ सिंह के गांव कच्ची खमरिया आकर उनके घर रहने लगी। युवती ने अपने अपहृत भाई को बरामद करने, आरोपियों के खिलाफ अपहरण और हत्या का मुकदमा दर्ज कराने की मांग की। युवती ने आशंका जताई कि उसके भाई को भी जान का खतरा है। थानाध्यक्ष ने बताया कि बच्चे की बरामदगी और आरोपी को पकड़ने के लिए पुलिस टीम दबिश दे रही है।