शहर के गोल मार्केट स्थित एक दुकान के कर्मचारी की जेब से मंगलवार को तीन उचक्कों ने बड़ी सफाई से दिनदहाड़े 49 हजार की नगदी पार कर ली। घटना को नाटकीय ढंग से अंजाम दिया गया। हैरत की बात यह है कि दुकान के कर्मचारी को नगदी गायब होने का पता तब चला जब वह नगदी जमा करने के लिए बैंक के काउंटर पर पहुंचा। पूरा घटनाक्रम सीसी कैमरे में भी कैद हुआ है। सूचना पर पुलिस ने दुकान स्वामी और कर्मचारी से पूछताछ कर घटना की जानकारी ली।
आदर्श कालोनी निवासी अनिल नागपाल का गुरुद्वारा गोल मार्केट के पास नागपाल बैरिंग के नाम से प्रतिष्ठान है। दुकान में इंदिरा कालोनी निवासी चंद्रभान काम करता है। बताया गया है कि मंगलवार को दुकान स्वामी ने चंद्रभान को एक-एक हजार के 49 नोट बैंक में जमा करने के लिए दिए। इस रकम को लेकर चंद्रभान आईसीआईसीआई बैंक पहुंचा तो बैंक ने आईडी लेकर आने को कहकर लौटा दिया।
बाद में जब चंद्रभान आईडी लेकर पुन: बैंक की ओर पैदल जा रहा था तभी गुरुद्वारे के पास ही साइकिल पर आ रहे एक अज्ञात व्यक्ति ने तेजी से साइकिल का पहिया उसके पैर में मार दिया, बकौल चंद्रभान जब वह गिरने लगा था तभी एक दो अज्ञात व्यक्तियों ने उसे संभालने का प्रयास किया। इसके बाद तीनों वहां से चले गये और वह खुद बैंक की ओर आ गया।
वहां जब उसने जेब में देखा तो नगदी गायब थी। हैरानी की बात यह है कि चंद्रभान को तब भी यह आभास नहीं हुआ कि उसे साइकिल सवार और उसके साथियों ने लूट लिया है। वह यह सोचकर बैंक से दुकान पहुंचा कि नगदी शायद दुकान पर ही रह गई होगी। उसने दुकान स्वामी को जानकारी दी तो वह पहले दुकान में फिर बैंक में जाकर नगदी ढूंढने का प्रयास करने लगे। बैंक कर्मियों से उन्होंने सीसी टीवी फुटेज दिखाने की भी मांग की, इसी जद्दोजहद में दुकान स्वामी ने करीब ढाई घंटे बाद घटना की सूचना पुलिस और व्यापार मंडल अध्यक्ष संजय जुनेजा को दी।
सूचना पर कोतवाल दिनेश पंत दल बल के साथ मौके पर पहुंच गये। उन्होंने व्यापारी और उसके कर्मचारी से घटना की पूरी जानकारी ली और घटना के ढाई घंटे बाद मामले की सूचना देने पर व्यापारी को फटकार भी लगाई। बताया गया है कि गुरुद्वारे के गेट पर लगे सीसी टीवी कैमरे की फुटेज चैक करने पर पता चला कि उसमें नाटकीय ढंग से की गई लूट का पूरा घटनाक्रम कैद हो गया है। पुलिस ने उचक्कों की तलाश शुरू कर दी है।