रुद्रपुर में शैल सांस्कृतिक समिति की बैठक में बोलते महामंत्री दिवाकर पांडे। स्रोत- आयोजक
पंतनगर। शांतिपुरी के शांतिनगर में पिछले पांच दिनों से चल रहे सातूं-आठूं पर्व पर रविवार सुबह भगवान महेश और गौरा का विधिवत विवाह कराया गया। देर शाम को झांकी निकलकर गौरा-महेश की प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया। इस दौरान लोगों ने ढोल, दमाऊ, भुकर, झांजर और शंख ध्वनि के साथ साथ झोड़ा गीत गाए। इसके अलावा शांतिपुरी नंबर एक, दो, चार व जवाहरनगर में भी गौरा महेश विवाह का डोला विसर्जन के साथ सातू-आंठू पर्व संपन्न हुआ। इस दौरान खष्टी कन्याल, भगवती कन्याल, हेमा कन्याल, नंदन सिंह कन्याल, गीता मेहता, हेमा कोरंगा, पुष्पा मेहता, किरन तिवारी आदि थे।
रक्षाबंधन की सुबह चार बजे मनाया जाएगा जने-पुन्यो पर्व
रुद्रपुर। शैल भवन में 31 अगस्त की सुबह चार बजे से सात बजे तक जने-पुन्यो और रक्षाबंधन मनाया जाएगा। रविवार को शैल भवन में शैल सांस्कृतिक समिति (शैल परिषद) की बैठक में पंडित दिनेश चंद्र पंत ने बताया कि हिंदू पंचांग के अनुसार 30 अगस्त को सुबह 10 बजकर 58 मिनट से पूर्णिमा तिथि लगने के साथ ही भद्रा लग रही है। जो रात को नौ बजकर एक मिनट तक रहेगी, वहीं दूसरी तरफ श्रावण पूर्णिमा 31 अगस्त को सुबह सात बजकर पांच मिनट पर समाप्त हो जाएगी। 30 अगस्त को राखी बांधने का मुहूर्त रात नौ बजकर एक मिनट से लेकर 31 अगस्त को सुबह सात बजकर पांच मिनट तक है। वहां परिषद के महामंत्री दिवाकर पांडे, गोपाल पटवाल, डीके दनाई, सतीश ध्यानी, हरीश दनाई, दिनेश भट्ट, मोहन उपाध्याय, राजेंद्र आदि थे।
रुद्रपुर में शैल सांस्कृतिक समिति की बैठक में बोलते महामंत्री दिवाकर पांडे। स्रोत- आयोजक