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Bajpur: भाजपा विधायक के बेटे ने जांच कमेटी के समक्ष पेश किया जवाब, एक पक्ष ने बैंक डिटेल सहित दर्ज कराए

Fri, 08 May 2026 10:37 AM IST
गायत्री जोशी माई सिटी रिपोर्टर

सार

गदरपुर विधायक अरविंद पांडेय के बेटे अतुल पांडेय से जुड़े जमीनी विवाद में जांच कमेटी के समक्ष दोनों पक्षों ने अपने-अपने साक्ष्य और बयान प्रस्तुत किए हैं।
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विधायक अरविंद पांडेय - फोटो : अमर उजाला
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गदरपुर भाजपा विधायक अरविंद पांडेय के बेटे अतुल पांडेय से जुड़े जमीनी विवाद में गठित जांच कमेटी के समक्ष बृहस्पतिवार को पक्षकारों ने अपना-अपना पक्ष रखा। इस दौरान विधायक बेटे अतुल पांडेय ने अधिवक्ताओं के साथ पेश होकर जवाब दावा पेश किया। दूसरे पक्ष के मक्खन सिंह ने कमेटी के सामने खरीदी गई जमीन से संबंधित बैंक डिटेल के साक्ष्य प्रस्तुत किए हैं।

बृहस्पतिवार को एसडीएम कार्यालय में डीएम की ओर से गठित जांच कमेटी अध्यक्ष एडीएम कौस्तुभ मिश्रा, एसडीएम डाॅ. अमृता शर्मा सहित अन्य सदस्य मौजूद रहे। इस दौरान पक्षकारों ने अपने-अपने बयान दर्ज कराए। गदरपुर विधायक अरविंद पाण्डेय के पुत्र अतुल पाण्डेय ने अपना जवाब दावा जांच समिति के सामने प्रस्तुत किया। जबकि जमीन पर काबिज मक्खन सिंह ने जांच कमेटी के समक्ष पेश होकर जमीन क्रय करने के लिए दी गई धनराशि की बैंक डिटेल जांच कमेटी को सौंपी।

एडीएम कौस्तुभ मिश्रा ने बताया कि जांच कमेटी ने पक्षकारों के बयान दर्ज किए हैं। कमेटी जमीनी मामले में गहनता से जांच कर रही है। जांच में नए तथ्य सामने आने पर उन्हें भी सम्मन भेजकर पक्षकार बनाते हुए पक्ष रखने के लिए बुलाया जाएगा। बताते चले कि गांव सेमलपुरी बाजपुर निवासी नन्नी देवी, संजू कुमार, मंगल सिंह ने गदरपुर विधायक अरविंद पाण्डेय के बेटे अतुल पाण्डेय पर कूटरचित साक्ष्यों के आधार पर वर्ष 2010-11 धारा 229 बीवि एवं भूसुअधि के तहत गांव सेमलपुरी तहसील बाजपुर में कुल रकबा 1.274 भूमि को अपने नाम दर्ज कराने का आरोप लगाया था। उसके बाद विधायक के बेटे अतुल पांडेय ने जमीन को गुरविंदर सिंह को बेच दिया था। गुरविंदर सिंह ने मक्खन सिंह आदि ने जमीन खरीदी थी। शिकायत पर मंडलायुक्त ने भूमि संबंधित आदेश जनजाति के पक्ष में दिया था। विधायक पांडेय ने तहसील पहुंचकर मंडलायुक्त का आदेश राजस्व अभिलेखों में दर्ज कराया था। लेकिन बाद में इसे हटा दिया गया। मामला संदिग्ध मानते हुए रजिस्ट्रार कानूनगों राकेश शाह का उत्तरकाशी से अटैच कर दिया था। मामला चर्चा में आने पर डीएम नितिन भदौरिया ने एडीएम की अध्यक्षता में एसडीएम, बंदोबस्त चकबंदी अधिकारी, अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी की संयुक्त जांच समिति गठित की गई थी।

जांच कमेटी के समक्ष उन्होंने जमीन से संबंधित जबाव दावा प्रस्तुत कर दिया है। यह सबकुछ चुनाव नजदीक आने पर हो रहा है। उनके पिता के चरित्र हनन करने में कुछ लोग लगे हैं लेकिन उनके मनसूबें कामयाब नहीं होंगे। -विधायक अरविंद पांडेय के बेटे अतुल पांडेय

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