बाजपुर। क्षेत्र के 20 गांव की 5838 एकड़ भूमि के भूमिधरी अधिकारों को लेकर तहसील परिसर में चल रहे भूमि बचाओ आंदोलन स्थल पर मंगलवार को बैठक हुई। आंदोलनकारियों ने आगामी 18 दिसंबर को रुद्रपुर में प्रस्तावित युवा सिख सम्मेलन पर आक्रोश व्यक्त जताया।
आंदोलनकारियों ने कहा कि पिछले चार महीने से बाजपुर के किसान, मजदूर और व्यापारी अपने अधिकारों को लेकर तहसील परिसर में धरना दे रहे हैं। वक्ताओं ने कहा कि प्रस्तावित सम्मेलन का पुरजोर विरोध किया जाएगा।
15 दिसंबर को रुद्रपुर में आवास विकास स्थित गुरुद्वारा साहिब में जिले भर के किसान संगठनों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर आगामी रणनीति बनाई जाएगी। वक्ताओं ने स्थानीय भाजपा नेताओं को भी भूमि प्रकरण का समाधान नहीं होने तक सम्मेलन नहीं करने की हिदायत दी है।
बैठक में किसान यूनियन के प्रदेशाध्यक्ष करम सिंह पड्डा, भूमि बचाओ मुहिम संयोजक जगतार सिंह बाजवा, आयोजक रजनीति सिंह सोनू, विक्की रंधावा, लखविंदर सिंह, राजेंद्र सिंह गिल, दलजीत सिंह रंधावा, कुलबीर सिंह, सनी निज्जर, गुरविंदर सिंह सिद्धू, सनी खैरा, गुरु प्रताप सिंह, राजकिशोर, दिलेर रंधावा आदि थे।
समाधान करे सरकार बाजपुर में करेंगे स्वागत
बाजपुर। भूमि बचाओ मुहिम के संयोजक जगतार सिंह बाजवा ने कहा कि सरकार भूमिधरी अधिकार जल्दी से जल्दी वापस करे। बाजपुर के लोग पूरे जिले भर का सम्मेलन कर सीएम का स्वागत करेंगे। मंगलवार को क्रमिक अनशन पर मनराज धनोआ, हरविंदर सिंह, शिवेक धनोआ, अभिजीत सिंह, सतपाल सिंह पन्नू बैठे।