काशीपुर। नगर निगम बोर्ड की बैठक में पार्षदों ने अलाव जलाने के स्थान कम होने पर हंगामा किया। एमएनए केके मिश्र ने अलाव जलाने के स्थानों की संख्या बढ़ाने का आश्वासन दिया तो पार्षद मान गए। पार्षदों ने कहा कि सड़क से धूल साफ करने वाली 18 लाख की मशीन खुद धूल फांक रही है। वह एक दिन भी नहीं चली। इनको ठीक कर संपत्ति का सदुपयोग किया जाए। मेयर उषा चौधरी की अध्यक्षता में मंगलवार को नगर निगम बोर्ड की बैठक हुई। पार्षदों ने पिछले साल की अपेक्षा इस साल कम स्थानों पर अलाव जलाने की शिकायत पर हंगामा किया। अलाव प्रभारी टीएस अजय कुमार ने बताया कि पुरानी सूची को आधार पर सभी चौराहों, मुख्य स्थानों पर अलाव जलाए जा रहे हैं। संचालन कर रहे एमएनए केके मिश्र ने कहा कि अगर अलाव जलाने के स्थान कम हैं तो बढ़ाए जा सकते हैं। पार्षद विपिन शर्मा, अब्दुल कादिर ने अलाव के लिए नए स्थान बताए। सर्वेश शर्मा ने कहा कि पांच महीने से मिनी पोकलेन मशीन खराब है। इस कारण नालों की सफाई नहीं हो रही है। 14वें वित्त आयोग से बची दो करोड़ रुपये की राशि से निर्माण कार्य कराया जाए। बाकी रकम से खराब पड़े निगम के स्वच्छता उपकरणों को ठीक कराया जाए। मो. खालिद ने कहा कि उसने स्वयं निर्माण कार्य कराया था, उसका भुगतान नहीं हुआ। एमएनए ने तत्काल भुगतान करने का आदेश दिया। सर्वेश बाली, गुरविंदर चंडोक ने खाली पड़े भूखंड को निगम की संपत्ति घोषित की जाए। इन खाली पड़े भूखंडों में पानी भरने से कई बीमारियां फैलती हैं। मेयर उषा ने कहा कि 14वें वित्त आयोग से बचे दो करोड़ रुपये का हिसाब किया जा रहा है। राशि से निर्माण कार्य कराया जाएगा। सरकारी निर्देश के अनुसार राज्य वित्त आयोग की शेष राशि से पहले कर्मचारियों का देयकों का भुगतान होगा। इसके बाद जो राशि बचेगी उसी से निर्माण कार्य कराए जाएंगे। बताया कि सभी वार्डों के लिए दो-दो हैंडपंप मंजूर हैं, जिस वार्ड में यह नहीं लगे हैं, वहां लगाए जा रहे हैं। निगम को ओडीएफ घोषित होने पर सभी का आभार व्यक्त किया। बैठक में विकास शर्मा, विकास कुमार, डॉ. कमलजीत सिंह आदि थे।
अलाव जलाने के स्थल बढ़ाने के आश्वासन पर माने
सड़क से धूल साफ करने वाली 18 लाख की मशीन खुद धूल फांक रही