रुद्रपुर। कोरोना काल में अनाथ हुए जिले के चार बच्चों को पीएम केयर्स फंड से 18 वर्ष की आयु पूरी होने पर 10 लाख रुपये मिलेंगे। वहीं इन बच्चों को समाज कल्याण विभाग की ओर से हर वर्ष 20 हजार रुपये की छात्रवृत्ति दी जाएगी। इसके साथ ही राजस्व विभाग की ओर से इनकी संपत्ति की देखभाल की जा रही है।
एक मार्च 2020 से लेकर 31 मार्च 2022 तक कोरोना काल में माता-पिता में से किसी एक की मृत्यु होने पर जिले के 860 बच्चों को प्रति माह वात्सल्य योजना के तहत तीन हजार रुपये दिए जा रहे हैं। वहीं जिन बच्चों के माता-पिता दोनों की ही मृत्यु होने पर पीएम केयर्स फंड योजना के तहत 18 वर्ष पूरे होने पर उनके खाते में 10 लाख रुपये की राशि भेजी जाएगी।
गदरपुर ब्लॉक में चार साल की बच्ची को उसके चाचा ने गोद लिया है। वहीं रुद्रपुर में अनाथ हुए दो भाई-बहन को उनकी बड़ी बहन पाल रही है। एक बच्चे को उसके चाचा ने गोद लिया है। जिला प्रोबेशन विभाग के मुताबिक इन चारों अनाथ बच्चों को वात्सल्य योजना के तहत तीन हजार रुपये व स्पोंशरशिप के तहत चार हजार रुपये दिए जा रहे हैं। वहीं स्वास्थ्य विभाग से बच्चों का आयुष्मान कार्ड बनाया गया है। बताया कि राजस्व विभाग की ओर से बच्चों की संपत्ति की निगरानी की जा रही है। सात बच्चों को पांच प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण दिया गया है। प्रभारी जिला प्रोबेशन अधिकारी उदय प्रताप सिंह ने बताया कि अनाथ बच्चों की त्रैमासिक रूप से बैठक भी की जाती है। इसमें डीएम बच्चों से हालचाल जानते हैं।