मां की डांट से नाराज होकर घर से निकली दो नाबालिग बहनों को जीआरपी रुड़की ने परिजनों को सौंप दिया। यह घटना रविवार देर रात रुड़की रेलवे स्टेशन पर हुई। प्लेटफॉर्म पर ड्यूटी कर रहे कर्मचारियों को 13 और 10 वर्षीय बच्चियां रोती-बिलखती मिलीं। पूछताछ में उन्होंने खुद को रुड़की का बताया और दिल्ली जाने की योजना बताई। जीआरपी से बिंदु सैनी ने दोनों बच्चियों को अपनी निगरानी में लिया। उनके बताए पते के आधार पर परिजनों से संपर्क किया गया। परिजनों को जीआरपी चौकी बुलाया गया। आवश्यक जांच-पड़ताल के बाद बच्चियों को उनकी मां और नानी के संरक्षण में दे दिया गया। इस दौरान सुशील कुमार तिवारी, जाहुल हसन, अमित कुमार और सरयू सैनी भी मौजूद थे। संवाद