रुड़की। अशोक नगर क्षेत्रीय विकास समिति और उत्तराखंड राज्य आंदोलनकारी संघर्ष समिति की संयुक्त बैठक में क्षेत्रीय समस्याओं और राज्य आंदोलनकारियों के चिह्नीकरण पर चर्चा हुई। अध्यक्ष हर्ष प्रकाश काला ने प्रेस वार्ता में कहा कि ढंडेरा रेलवे स्टेशन का नाम रुड़की कैंट करने, रेलवे फाटक पर अंडरपास और स्वीकृत आरओबी निर्माण की मांग वर्षों से लंबित है। 2013 में स्वीकृत आरओबी का निर्माण 14 वर्ष बाद भी नहीं हो पाया है। इससे हजारों ग्रामीणों को जाम की समस्या झेलनी पड़ती है। वहीं, ढंडेरा नगर पंचायत को विकास के लिए बजट नहीं मिलने पर भी नाराजगी जताई गई। वरिष्ठ उपाध्यक्ष जीवानंद बुड़ाकोटी ने कहा कि राज्य आंदोलनकारियों का चिह्नीकरण नहीं होने से आंदोलनकारी उपेक्षित महसूस कर रहे हैं। बैठक में चेतावनी दी गई कि 9 नवंबर तक चिह्नीकरण नहीं हुआ तो 10 नवंबर से जिलाधिकारी कार्यालय पर धरना और क्रमिक अनशन शुरू होगा। मांगें पूरी नहीं होने पर रेल रोको आंदोलन और चक्का जाम करने की भी चेतावनी दी गई। बैठक में देव सिंह, हुक्म सिंह बिष्ट, दिगंबर सिंह नेगी, एचडी देवरानी, मोहन सावंत, शिव सिंह रावत, कृपाल सिंह, सच्चिदानन्द ध्यानी, शिव सिंह रावत, राजू कंडियाल, प्रदीप बुडाकोटी और सरोज थपलियाल मौजूद रहे।