डायबिटीज नियंत्रण पाचन तंत्र इम्यूनिटी बूस्टर और खून की कमी को करता है दूर,
चिकित्सक बोले सीमित मात्रा में सेवन से मिल सकते हैं कई स्वास्थ्य लाभ
रुड़की। बरसात का मौसम आते ही बाजारों में जामुन की बहार दिखाई देने लगती है। स्वाद में खट्टा-मीठा यह मौसमी फल केवल स्वाद ही नहीं, बल्कि अपने औषधीय गुणों के कारण भी लोगों की पहली पसंद बना हुआ है। आयुर्वेद चिकित्सक के अनुसार, जामुन में विटामिन-सी, आयरन, कैल्शियम, पोटैशियम, फाइबर और एंटीऑक्सीडेंट प्रचुर मात्रा में पाए जाते हैं जो शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में सहायक होते हैं। आयुर्वेद चिकित्सक डॉ़ प्रदीप कुमार ने बताया जामुन डायबिटीज के मरीजों के लिए बहुत फायदेमंद है। जामुन के बीज का पाउडर शुगर लेवल कंट्रोल करता है। इसके अलावा जामुन पाचन तंत्र को दुरुस्त रखता है, इम्यूनिटी बूस्ट करता है और खून की कमी दूर करने में मददगार है। उन्होंने बताया कि गर्मी में लू और डिहाइड्रेशन से बचाने के लिए भी जामुन का सेवन अच्छा माना जाता है। बताया कि डायबिटीज के मरीज जामुन की गुठली का चूर्ण डॉक्टर की सलाह पर लें। ज्यादा मात्रा में इसे खाने से कब्ज की दिक्कत हो सकती है। आयुर्वेद में जामुन के फल के साथ-साथ इसके बीज, पत्तियों और छाल का भी विभिन्न औषधियों में उपयोग किया जाता है। डॉ़ प्रदीप कुमार ने बताया कि मौसमी फलों को संतुलित आहार का हिस्सा बनाना स्वास्थ्य के लिए लाभदायक है। जामुन का नियमित लेकिन सीमित मात्रा में सेवन शरीर को कई आवश्यक पोषक तत्व उपलब्ध कराता है। बताया कि किसी भी बीमारी से ग्रसित व्यक्ति को अपने आहार में बदलाव करने से पहले चिकित्सक की सलाह अवश्य लेनी चाहिए।