अनाज मंडी में व्यापारी एवं संयुक्त व्यापार मंडल ने मंडी शुल्क बढ़ाने पर प्रदर्शन करते हुए नारेबाजी की। साथ ही मंडी शुल्क नहीं लगाने की मांग की।
मंगलवार को बड़ी संख्या में व्यापारी मंडी परिसर में जमा हुए। अध्यक्ष अरविंद कश्यप ने कहा कि मंडी शुल्क की आड़ में व्यापारियों को इंस्पेक्टर राज के जरिए परेशान किया जाएगा। विजय अग्रवाल ने कहा कि एक ओर जहां पेट्रोल-डीजल को जीएसटी के दायरे में शामिल नहीं किया गया है। वहीं, मंडी शुल्क व जीएसटी बढ़ाकर व्यापारियों को परेशान किया जाएगा। सौरभ सिंघल और दिनेश अग्रवाल ने कहा कि देसी घी पर उत्तर प्रदेश में पूर्व में भी मंडी शुल्क नहीं था जबकि उत्तराखंड में मंडी शुल्क लागू था। देसी घी पर यूपी की तर्ज पर मंडी शुल्क नहीं होना चाहिए। मुकेश गर्ग ने कहा व्यापारी कोरोना के चलते पहले से ही बिजली बिल, बैंक लोन, बैंक दुकान किराया आदि से परेशान हैं। ऐसे में मंडी शुल्क नहीं लगने से अधिक परेशानी होगी। इस दौरान नीरज गुप्ता, महामंत्री कमल चावला, रविंद्र सिंघल, प्रवीण मेहंदीरत्ता, अनिरुद्ध गुप्ता, राजीव गोयल, अरविंद कुमार, रामनारायण सतीजा, प्रवीण गर्ग, मुकेश गर्ग, विशाल गुप्ता, रजनीश गुप्ता आदि मौजूद थे।